विजिलेंस की रेड, ADM दंपती के ठिकानों से नकदी-जेवर बरामद, पटना में भी बड़ी कार्रवाई...
बेगूसराय में सोमवार को उस वक्त हड़कंप मच गया, जब निगरानी अन्वेषण ब्यूरो की टीम ने शहर के पोखरिया स्थित पटना के एडीएम (आपूर्ति) रविंद्र कुमार दिवाकर के पैतृक आवास पर छापेमारी की। यह कार्रवाई आय से अधिक संपत्ति के मामले में की गई।

बेगूसराय में सोमवार को उस वक्त हड़कंप मच गया, जब निगरानी अन्वेषण ब्यूरो की टीम ने शहर के पोखरिया स्थित पटना के एडीएम (आपूर्ति) रविंद्र कुमार दिवाकर के पैतृक आवास पर छापेमारी की। यह कार्रवाई आय से अधिक संपत्ति के मामले में कोर्ट से मिले तलाशी वारंट के आधार पर की गई। इसी मामले में पटना स्थित उनके आवास और अन्य ठिकानों पर भी निगरानी की टीम ने एक साथ तलाशी ली।
जानकारी के अनुसार, रविंद्र कुमार दिवाकर पटना में एडीएम (आपूर्ति) के पद पर तैनात हैं, जबकि उनकी पत्नी कुमारी स्वीटी दानापुर की जिला अवर निबंधक के पद पर कार्यरत हैं। निगरानी विभाग ने दोनों के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति का मामला दर्ज किया है। मामले में निगरानी थाना कांड संख्या 113/26 का उल्लेख सामने आया है।
पोखरिया स्थित पैतृक आवास से 9 लाख से अधिक कैश
बेगूसराय शहर के नगर थाना क्षेत्र अंतर्गत पोखरिया वार्ड संख्या-37 स्थित आवास पर निगरानी की टीम दोपहर करीब एक बजे पहुंची। डीएसपी वासुदेव राय के नेतृत्व में छह सदस्यीय टीम ने घर के अलग-अलग हिस्सों की तलाशी ली। रिपोर्टों के अनुसार, यहां से 9 लाख रुपये से अधिक नकद और सोने के आभूषण बरामद होने की जानकारी सामने आई है। टीम बरामद नकदी, जेवर और दस्तावेजों का सत्यापन कर रही है।
पटना में भी लाखों की नकदी और महंगी घड़ियां
वहीं पटना के रूपसपुर थाना क्षेत्र स्थित कश्यप ग्रीन सिटी के आवास पर भी निगरानी की कार्रवाई हुई। विभिन्न रिपोर्टों में यहां से करीब 70 लाख रुपये नकद मिलने की जानकारी दी गई है। नोटों की गिनती के लिए मशीन का इस्तेमाल किए जाने की बात भी सामने आई है। इसके अलावा करीब चार दर्जन महंगी घड़ियां, सोने-चांदी के आभूषण और जमीन-जायदाद तथा निवेश से जुड़े दस्तावेज मिलने की जानकारी है। घड़ियों की संख्या और कीमत को लेकर अलग-अलग रिपोर्टों में अंतर है, इसलिए अंतिम आंकड़ा जांच और मूल्यांकन के बाद ही स्पष्ट होगा।
2.92 करोड़ की अचल संपत्ति का भी जिक्र
निगरानी से जुड़े दस्तावेजों के हवाले से रिपोर्टों में दंपती और उनके परिजनों के नाम दर्ज करीब 2.92 करोड़ रुपये की अचल संपत्ति का उल्लेख किया गया है। इसमें पटना के फ्लैट और बिहार के अलग-अलग स्थानों पर जमीन से जुड़े दस्तावेज शामिल बताए गए हैं। इन संपत्तियों की वास्तविक स्थिति और आय के स्रोत से उनका संबंध अब जांच का हिस्सा है।
निगरानी विभाग अब छापेमारी में बरामद नकदी, आभूषण, घड़ियों और संपत्ति से जुड़े दस्तावेजों का अधिकारियों की घोषित आय से मिलान करेगा। फिलहाल जांच जारी है और तलाशी पूरी होने के बाद बरामदगी का विस्तृत आधिकारिक ब्योरा सामने आने की उम्मीद है।
बेगूसराय से अजय कुo शास्त्री की रिपोर्ट










