बिहार में पहली बार फॉर्मूला वन रेसिंग की प्रतिभाओं की तलाश
बिहार में पहली बार फॉर्मूला वन रेसिंग के लिए प्रतिभाओं की तलाश शुरू हुई है। पाटलिपुत्र खेल परिसर के इंडोर हॉल में 17 और 18 अगस्त को F1 सिम रेसिंग इंडिया ओपन 2026 के चयन ट्रायल का आयोजन किया जा रहा है।

बिहार में पहली बार फॉर्मूला वन रेसिंग के लिए प्रतिभाओं की तलाश शुरू हुई है। पाटलिपुत्र खेल परिसर के इंडोर हॉल में 17 और 18 अगस्त को F1 सिम रेसिंग इंडिया ओपन 2026 के चयन ट्रायल का आयोजन किया जा रहा है। इस पहल के माध्यम से बिहार के युवाओं को मोटरस्पोर्ट की दुनिया में अपनी प्रतिभा दिखाने और राष्ट्रीय स्तर पर आगे बढ़ने का अवसर मिलेगा।
बिहार राज्य खेल प्राधिकरण के महानिदेशक सह मुख्य कार्यकारी अधिकारी रवीन्द्रण शंकरण ने बताया कि बिहार में पहली बार F1 सिम रेसिंग इंडिया ओपन का आयोजन किया जा रहा है। इसे देश के बड़े मोटरस्पोर्ट प्रतिभा खोज अभियानों में से एक के रूप में देखा जा रहा है। प्रतियोगिता का उद्देश्य देशभर के युवा और अनुभवी सिम रेसर्स को राष्ट्रीय मंच देना तथा रेसिंग की नई प्रतिभाओं को पहचानकर उन्हें आगे बढ़ने का अवसर उपलब्ध कराना है। शंकरण ने बताया कि प्रतियोगिता का आयोजन कई चरणों में किया जाएगा। प्रतिभागियों का सफर शहर स्तरीय चयन से क्षेत्रीय मुकाबलों और फिर राष्ट्रीय फाइनल तक पहुंचेगा। प्रतियोगिता का राष्ट्रीय फाइनल मुंबई में आयोजित किया जाएगा। इस पूरी प्रक्रिया के जरिए अलग-अलग क्षेत्रों से उभरने वाली रेसिंग प्रतिभाओं को राष्ट्रीय स्तर पर अपनी क्षमता साबित करने का अवसर मिलेगा।
F1 सिम रेसिंग इंडिया ओपन 2026 में खिलाड़ियों के लिए कुल दो करोड़ रुपये की पुरस्कार राशि रखी गई है। इसमें सीनियर वर्ग के लिए एक करोड़ रुपये और जूनियर वर्ग के लिए एक करोड़ रुपये की पुरस्कार राशि निर्धारित की गई है। इतनी बड़ी पुरस्कार राशि के साथ आयोजित यह प्रतियोगिता देश के सिम रेसिंग खिलाड़ियों के लिए एक महत्वपूर्ण अवसर के रूप में सामने आई है। शंकरण ने आगे कहा कि प्रतियोगिता का जूनियर वर्ग खास तौर पर महत्वपूर्ण है। इसे केवल सिम रेसिंग प्रतियोगिता नहीं, बल्कि राष्ट्रीय मोटरस्पोर्ट प्रतिभा खोज अभियान के रूप में विकसित किया जा रहा है। इसका उद्देश्य कम उम्र में ही ऐसे बच्चों और युवाओं की पहचान करना है, जिनमें भविष्य में पेशेवर मोटरस्पोर्ट खिलाड़ी बनने की क्षमता और रेसिंग कौशल मौजूद है।
भारत के तेजतर्रार सिम रेसर्स में शामिल मुहम्मद इब्राहिम जूनियर वर्ग की प्रतिभाओं की पहचान में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे। वे प्रतिभागियों की रेसिंग क्षमता, कौशल और प्रदर्शन को परखने के साथ संभावनाशील खिलाड़ियों की पहचान में योगदान देंगे। F1 सिम रेसिंग इंडिया ओपन के जरिए सिम रेसिंग को केवल आभासी प्रतिस्पर्धा तक सीमित रखने के बजाय इसे मोटरस्पोर्ट की नई प्रतिभाओं की पहचान और विकास के मंच के रूप में स्थापित करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की जा रही है। बिहार में इस प्रतियोगिता का आयोजन राज्य के युवाओं के लिए रेसिंग के एक नए क्षेत्र से जुड़ने और राष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बनाने का अवसर लेकर आया है। इस तरह के आधुनिक खेल मंचों के माध्यम से राज्य की युवा प्रतिभाओं को पारंपरिक खेलों के साथ-साथ मोटरस्पोर्ट जैसे उभरते क्षेत्रों में भी आगे बढ़ने के नए अवसर मिलेंगे।











