कैब एवं बाइक टैक्सी सेवाओं में यात्रियों की सुविधा और सुरक्षा होगी बेहतर, ओला, उबर, रैपिडो को निर्देश
बिहार में ऐप आधारित कैब एवं बाइक टैक्सी सेवाओं में यात्रियों की सुविधा और बेहतर होगी। जरूरत के समय लोगों को आपातकालीन परिवहन सुविधा उपलब्ध हो सके इसके लिए एग्रीगेटर प्लेटफॉर्म के माध्यम से एंबुलेंस सेवा का भी विस्तार किया जायेगा।

पटना। बिहार में ऐप आधारित कैब एवं बाइक टैक्सी सेवाओं में यात्रियों की सुविधा और बेहतर होगी। जरूरत के समय लोगों को आपातकालीन परिवहन सुविधा उपलब्ध हो सके इसके लिए एग्रीगेटर प्लेटफॉर्म के माध्यम से एंबुलेंस सेवा का भी विस्तार किया जायेगा। संबंधित कंपनियों को इस संबंध में एक सप्ताह के अंदर प्रतिवेदन उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया। इस संबंध में परिवहन विभाग सचिव श्री राज कुमार ने सभी एग्रीगेटर सेवा प्रदाता कंपनियों को निर्देश दिया है।
चैटबोट की भाषा अंग्रेजी के साथ हिंदी में भी होगा उपलब्ध
परिवहन सचिव ने ओला, ऊबर, रैपिडो एवं सवारी मिथिला की एग्रीगेटर सेवा प्रदाता कंपनियों के प्रतिनिधियों के साथ परिवहन विभाग मुख्यालय में पूर्व में हुई बैठक के अनुपालन की समीक्षा की। यात्रियों एवं चालकों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए एग्रीगेटर कंपनियों को हिंदी और अंग्रेजी, दोनों भाषाओं में चैटबॉट की सुविधा उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया, ताकि वे अपनी भाषा के अनुसार आवश्यक जानकारी प्राप्त कर सकें और सेवा संबंधी समस्याओं के समाधान में आसानी हो।
शिकायत समाधान की सुविधा
परिवहन विभाग ने एग्रीगेटर कंपनियों को निर्देश दिया कि वे चालकों की समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए कॉल सपोर्ट की व्यवस्था करें। एग्रीगेटर कंपनियां अपने प्लेटफॉर्म पर केवल व्यावसायिक वाहनों को ही संबद्ध करें। यात्रियों को सूचना देने की व्यवस्था, राइड कैंसिलेशन चार्ज, नाइट चार्ज इत्यादि बिंदुओं पर समीक्षा की गई। साथ ही, आवश्यक सूचनाओं के प्रसारण के लिए ब्रॉडकास्टिंग सिस्टम को निर्धारित निर्देशों के अनुरूप प्रभावी बनाया जाए। ब्रॉडकास्टिंग सिस्टम का समय 2 सेकेंड से बढ़ाकर 10 सेकेंड़ करने का निर्देष दिया गया।
अनुपालन नहीं किये जाने पर संबंधित एग्रीगेटर कंपनी का रद्द होगा लाइसेंस
गौरतलब है कि पूर्व में परिवहन विभाग और मोटर कैब चालक संघों एवं एग्रीगेटर सेवा प्रदाता कंपनियों के साथ बैठकें आयोजित की गई थीं। इन बैठकों में उठाए गए कुल 8 प्रमुख बिंदुओं पर कंपनियों को अनुपालन सुनिश्चित कराने का निर्देश दिया गया था। परिवहन सचिव श्री राज कुमार ने सभी संबंधित एग्रीगेटर कंपनियों को निर्देश दिया कि वे बैठक में निर्धारित सभी बिंदुओं का अनुपालन सुनिश्चित करें। उन्होंने स्पष्ट किया कि निर्देशों का अनुपालन नहीं करने वाली संबंधित एग्रीगेटर कंपनी के विरुद्ध लाइसेंस रद्द करने की कार्रवाई की जाएगी।
एग्रीगेटर कंपनियों को निम्नलिखित बिंदुओं पर अनुपालन सुनिश्चित करने का दिया गया है निर्देश:-
बिहार में स्थानीय कार्यालय: राज्य में कंपनियों का स्थानीय कार्यालय स्थापित किया जाए, ताकि संबंधित कार्यों का समुचित संचालन और समस्याओं का समाधान किया जा सके।
चालकों के लिए कॉल सपोर्ट: मोटर वाहन चालकों को सहायता उपलब्ध कराने और उनकी समस्याओं के समाधान के लिए कॉल सपोर्ट की सुविधा प्रदान की जाए।
हिंदी एवं अंग्रेजी में चैटबॉट: चौटबॉट की सुविधा अंग्रेजी के साथ हिंदी में भी उपलब्ध कराई जाए, ताकि हिंदी भाषी चालक एवं अन्य उपयोगकर्ता आसानी से आवश्यक जानकारी प्राप्त कर सकें।
ब्रॉडकास्टिंग सिस्टम की अवधि: ब्रॉडकास्टिंग सिस्टम के संदेश की अवधि 2 सेकंड से बढ़ाकर 10 सेकंड की जाए, ताकि प्रसारित सूचना को समझने में सुविधा हो।
नाइट चार्ज एवं राइड कैंसिलेशन चार्ज:
रात्रि के समय बुकिंग पर नाइट चार्ज तथा राइड कैंसिलेशन चार्ज से संबंधित प्रावधान सुनिश्चित किए जाएं।
चालक की आईडी निलंबन के लिए sop:
चालक की आईडी निलंबित करने एवं अन्य संबंधित मामलों में प्राकृतिक न्याय के सिद्धांतों का पालन सुनिश्चित करने के लिए मानक संचालन प्रक्रिया (sop) तैयार की जाए।
केवल व्यावसायिक वाहनों का संबद्धीकरण:
एग्रीगेटर कंपनियों के साथ निर्धारित प्रावधानों के अनुरूप केवल व्यावसायिक वाहनों को ही संबद्ध किया जाए।
एयरपोर्ट पर पार्किंग की व्यवस्था:
एग्रीगेटर वाहनों के ठहराव के लिए एयरपोर्ट पर उपयुक्त पार्किंग स्थल चिह्नित करने के उद्देश्य से एयरपोर्ट अथॉरिटी के साथ समझौता ज्ञापन (mou) की प्रक्रिया पूरी की जाए।
नियमों के अनुपालन के लिए 30 अक्टूबर तक की समय-सीमा
बैठक में कंपनियों द्वारा प्रस्तुत अनुपालन प्रतिवेदनों की समीक्षा की गई। ओला एवं ऊबर को कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए निर्देशों के अनुपालन से संबंधित प्रतिवेदन 30 अक्टूबर 2026 तक उपलब्ध कराने को कहा गया।
परिवहन सचिव राज कुमार ने कहा कि राज्य में ऐप आधारित परिवहन सेवाओं का संचालन निर्धारित नियमों के अनुरूप होना चाहिए। यात्रियों को बेहतर सुविधा उपलब्ध कराने, चालकों की समस्याओं का समाधान करने और सेवा व्यवस्था में पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए संबंधित कंपनियों को आवश्यक निर्देश दिए गए हैं। सभी कंपनियां निर्धारित समय-सीमा में निर्देशों का अनुपालन सुनिश्चित करें।
राज्य परिवहन आयुक्त आरिफ अहसन ने कहा कि एग्रीगेटर कंपनियों की सेवाओं में यात्रियों की सुविधा, चालकों की समस्याओं के समाधान और नियमों के अनुपालन पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। संबंधित पदाधिकारियों को निर्देशों के अनुपालन की निगरानी करने तथा आवश्यकतानुसार सत्यापन एवं कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा गया है।













