हथियार-कारतूस तस्करी में मुजफ्फरपुर का दंपती गिरफ्तार, 19,250 गोलियों की बरामदगी के बाद खुल रहीं नेटवर्क की कड़ियां
आरा/कोईलवर। हथियार और कारतूस की तस्करी के बड़े नेटवर्क का खुलासा करने में जुटी कोईलवर पुलिस को एक और सफलता मिली है. 19,250 कारतूस और लोडेड पिस्टल के साथ गिरफ्तार तीन अंतरराज्यीय तस्करों से पूछताछ के आधार पर दो और को गिरफ्तार किया है.

आरा/कोईलवर। हथियार और कारतूस की तस्करी के बड़े नेटवर्क का खुलासा करने में जुटी कोईलवर पुलिस को एक और सफलता मिली है. 19,250 कारतूस और लोडेड पिस्टल के साथ गिरफ्तार तीन अंतरराज्यीय तस्करों से पूछताछ के आधार पर पुलिस ने मुजफ्फरपुर निवासी आसिफ अंसारी और उसकी पत्नी साजिदा खातून को गिरफ्तार किया है. दोनों को हथियार और गोली तस्करी नेटवर्क से जुड़े होने के संदेह में पकड़ा गया है. पुलिस दोनों से पूछताछ कर रही है.
कोईलवर थानाध्यक्ष सुशांत कुमार मंडल ने बताया कि गिरफ्तार तस्करों के बयान और उनसे मिली जानकारी के आधार पर मुजफ्फरपुर के दंपती को गिरफ्तार किया गया है. पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि इस नेटवर्क में इनकी क्या भूमिका थी और कारतूस की खेप की खरीद-बिक्री में कौन-कौन लोग शामिल हैं.
मनभावन चौक के पास पकड़े गये थे तीन तस्कर
गौरतलब है कि सोमवार को गुप्त सूचना के आधार पर एसटीएफ पटना और कोईलवर पुलिस की संयुक्त टीम ने मनभावन चौक के पास छापेमारी कर एक चारपहिया वाहन से तीन अंतरराज्यीय हथियार तस्करों को गिरफ्तार किया था. पकड़े गये आरोपितों में मुजफ्फरपुर जिले के अहियापुर थाना क्षेत्र निवासी लालटू कुमार, पिता रामदेव चौधरी और सरस कुमार, पिता स्वर्गीय मधुरेंद्र कुमार तथा सीवान जिले के तरवारा थाना क्षेत्र के माधोपुर निवासी चंदन तिवारी, पिता नंदकिशोर तिवारी शामिल हैं.
तलाशी के दौरान पुलिस ने विभिन्न बोर के कुल 19,250 कारतूस, एक लोडेड पिस्टल, एक चारपहिया वाहन और पांच मोबाइल फोन बरामद किये थे. पुलिस के अनुसार गिरफ्तार तीनों आरोपित अंतरराज्यीय आर्म्स तस्कर हैं और इनका आपराधिक इतिहास भी रहा है.
यूपी से लायी जा रही थी कारतूस की खेप
प्रारंभिक जांच और पूछताछ में सामने आया है कि कारतूस की इतनी बड़ी खेप उत्तर प्रदेश से बिहार लायी जा रही थी. इसकी सप्लाई मुजफ्फरपुर समेत उत्तर बिहार के कई जिलों में अपराधियों और आपराधिक गिरोहों तक की जानी थी. पुलिस अब खेप के वास्तविक स्रोत, सप्लाई चेन और इसके पीछे सक्रिय लोगों की पहचान करने में जुटी है.
पांच मोबाइल फोन की जांच और गिरफ्तार आरोपितों से पूछताछ के आधार पर पुलिस तस्करी के बैकवर्ड और फॉरवर्ड लिंकेज खंगाल रही है. दंपती की गिरफ्तारी को इसी कड़ी में महत्वपूर्ण माना जा रहा है. पुलिस का कहना है कि मामले में अन्य आरोपितों की गिरफ्तारी और हथियार व कारतूस की बरामदगी के लिए छापेमारी जारी है.
आरा से दीपक की रिपोर्ट











