बिहार में बना इतिहास: पहली बार महिला आइपीएस को डीजीपी का प्रभार
राज्य के पुलिस महानिदेशक विनय कुमार 21 दिनों के अवकाश पर चले गये हैं। इस दौरान वरिष्ठ आइपीएस अधिकारी प्रीता वर्मा को राज्य के डीजीपी का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है।

पटना: राज्य के पुलिस महानिदेशक विनय कुमार 21 दिनों के अवकाश पर चले गये हैं। इस दौरान वरिष्ठ आइपीएस अधिकारी प्रीता वर्मा को राज्य के डीजीपी का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है। यह पहला मौका है, जबकि किसी महिला आइपीएस को डीजीपी का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है। बता दें कि गृह विभाग की तरफ से जारी अधिसूचना के अनुसार डीजीपी विनय कुमार का अवकाश 15 सितंबर से पांच अक्तूबर तक रहेगा। इस अधिसूचना को 15 सितंबर को जारी किया गया। डीजीपी के अतिरिक्त प्रभार पद को संभालने के साथ ही प्रीता वर्मा अपने मूल पद को भी संभालती रहेंगे। डीजीपी के अवकाश से वापस आने के बाद अतिरिक्त प्रभार की व्यवस्था खत्म हो जाएगी। प्रीता वर्मा को इसी जुलाई माह में डीजी होमगार्ड और फायर ब्रिगेड सर्विस की जिम्मेदारी दी गयी थी। विनय कुमार की गैरमौजूदगी में बिहार पुलिस की शीर्ष जिम्मेदारी अब प्रीता वर्मा के पास रहेगी। यह स्थायी नियुक्ति नहीं है। उन्हें केवल DGP पद का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है। उनका वर्तमान पद भी बरकरार रहेगा।
ज्ञात हो कि प्रीता वर्मा बिहार कैडर की वरिष्ठ आइपीएस अधिकारी हैं। आधिकारिक आंकडों के अनुसार वह 1991 बैच की अधिकारी हैं। गृह मंत्रालय की 2023 की पदक सूची में उन्हें बिहार की डीजी (ट्रेनिंग) के तौर पर दर्ज किया गया था। उसी वर्ष उन्हें President’s Police Medal for Distinguished Service से सम्मानित किए जाने की सूची में शामिल किया गया था। इनती गिनती राज्य के तेज तर्रार अधिकारियों में होती है। पुलिस सेवा में प्रीता वर्मा का लंबा प्रशासनिक अनुभव रहा है। राज्य में उन्होंने कई अहम जिम्मेदारियों को संभाला है। सरकारी आईपीएस सिविल लिस्ट के रिकॉर्ड के अनुसार उनका होम स्टेट राजस्थान है और एजुकेशनल क्वालिफिकेशन बीए है। साल 1992 में उन्होंने आईपीएस ज्वाइन किया था।
प्रीता वर्मा ट्रेनिंग से लेकर सीनियर पुलिस प्रशासन तक से जुड़े पदों पर कार्य कर चुकी हैं। उनका कार्य करने का अनुभव काफी बेहतर और लंबा रहा है। उनके प्रशासनिक अनुभव और वरिष्ठता के बीच अब उनको राज्य की डीजीपी का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है।










