श्रीबाबू की जयंती पर जुटेंगे लोग, सांसद अखिलेश सिंह ने भारत रत्न देने की उठाई मांग
बिहार के प्रथम मुख्यमंत्री और स्वतंत्रता सेनानी डॉ. श्रीकृष्ण सिंह की जयंती 25 अक्टूबर को जहानाबाद में मनाई जाएगी। इस अवसर पर उनके व्यक्तित्व, विचारों और बिहार के विकास में दिए गए योगदान को याद किया जाएगा।

जहानाबाद: बिहार के प्रथम मुख्यमंत्री और स्वतंत्रता सेनानी डॉ. श्रीकृष्ण सिंह की जयंती 25 अक्टूबर को जहानाबाद में मनाई जाएगी। इस अवसर पर उनके व्यक्तित्व, विचारों और बिहार के विकास में दिए गए योगदान को याद किया जाएगा। कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष एवं राज्यसभा सांसद अखिलेश प्रसाद सिंह ने लोगों से जयंती समारोह में शामिल होकर श्रीबाबू को श्रद्धांजलि अर्पित करने की अपील की है। उन्होंने केंद्र सरकार से डॉ. श्रीकृष्ण सिंह को देश के सर्वोच्च नागरिक सम्मान भारत रत्न से सम्मानित करने की मांग भी उठाई है।
अखिलेश प्रसाद सिंह ने कहा कि डॉ. श्रीकृष्ण सिंह का जीवन देश की आजादी और बिहार के विकास के लिए समर्पित रहा। स्वतंत्रता आंदोलन में सक्रिय भूमिका निभाने के साथ उन्होंने मुख्यमंत्री के रूप में राज्य के विकास की मजबूत नींव रखने का काम किया। उनके नेतृत्व में बिहार ने शिक्षा, उद्योग और आधारभूत संरचना समेत विभिन्न क्षेत्रों में विकास की दिशा में कदम बढ़ाए।
बिहार के विकास में श्रीबाबू का योगदान किया याद राज्यसभा सांसद ने कहा कि श्रीबाबू ने अपने कार्यों और विचारों से बिहार की राजनीति एवं प्रशासन पर गहरी छाप छोड़ी। उनका मानना था कि राज्य की प्रगति के लिए शिक्षा, सामाजिक सुधार और औद्योगिक विकास को प्राथमिकता देना जरूरी है। उनके योगदान को नई पीढ़ी तक पहुंचाना भी आवश्यक है, ताकि युवा उनके जीवन से प्रेरणा ले सकें।
उन्होंने कहा कि श्रीबाबू के आदर्श आज भी प्रासंगिक हैं। उनके बताए रास्ते पर चलकर ही समाज में सकारात्मक बदलाव लाया जा सकता है। जयंती समारोह उनके संघर्ष, दूरदर्शिता और जनसेवा के प्रति समर्पण को याद करने का अवसर है।
प्रधानमंत्री को पत्र लिखकर की भारत रत्न देने की मांग
डॉ. श्रीकृष्ण सिंह को भारत रत्न देने की मांग करते हुए अखिलेश प्रसाद सिंह ने प्रधानमंत्री को पत्र भी लिखा है। उन्होंने कहा कि श्रीबाबू का योगदान बिहार के विकास तक सीमित नहीं था, बल्कि स्वतंत्रता आंदोलन और राष्ट्र निर्माण में भी उनकी महत्वपूर्ण भूमिका रही। ऐसे में उन्हें देश के सर्वोच्च नागरिक सम्मान से सम्मानित किया जाना चाहिए। उन्होंने उम्मीद जताई कि केंद्र सरकार इस मांग पर गंभीरता से विचार करेगी।
नाव दुर्घटनाओं पर जताई चिंता, सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की अपील
इस दौरान अखिलेश प्रसाद सिंह ने बिहार में लगातार सामने आ रही नाव दुर्घटनाओं को लेकर भी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि नदी और जलमार्गों पर यात्रा करने वाले लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करना जरूरी है। नाव दुर्घटनाओं में लोगों की जान जाने की घटनाओं को रोकने के लिए सरकार और संबंधित विभागों को प्रभावी कदम उठाने चाहिए। उन्होंने नावों के परिचालन में सुरक्षा नियमों का सख्ती से पालन कराने पर जोर दिया।
साथ ही नावों की क्षमता के अनुसार यात्रियों को बैठाने, ओवरलोडिंग पर रोक लगाने और आवश्यक सुरक्षा उपकरणों की उपलब्धता सुनिश्चित करने की जरूरत बताई। उन्होंने कहा कि संबंधित अधिकारियों को नियमित निगरानी करनी चाहिए, ताकि लापरवाही के कारण होने वाली दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाया जा सके और लोगों की जान सुरक्षित रहे।
जहानाबाद से बरुण कुमार की रिपोर्ट













