बिहार का पहला केस, मानव तस्करी के चर्चित मामले में उम्र कैद की सजा, 24 दिनों में कोर्ट ने सुनाया फैसला

मानव तस्करी के चर्चित मामले में बगहा कोर्ट का अहम फैसला आया है। महज 24 दिनों में बिहार का यह पहला केस है जिसमें स्पीडी ट्रायल के बाद सुनवाई पूरी करते हुए मानव तस्करों को उम्र कैद की सजा मिली है।

By : स्वराज पोस्ट | Edited By: Amit Kumar
Updated at : Jul 13, 2026, 1:08:00 PM

मानव तस्करी के चर्चित मामले में बगहा कोर्ट का अहम फैसला आया है। महज 24 दिनों में बिहार का यह पहला केस है जिसमें स्पीडी ट्रायल के बाद सुनवाई पूरी करते हुए मानव तस्करों को उम्र कैद की सजा मिली है। मामले कि जानकारी सीविल कोर्ट बगहा के एपीपी जीतेन्द्र भारती ने दिया है। 

दरअसल नौरंगिया थाना क्षेत्र से तीन नाबालिग बच्चियों को पश्चिम बंगाल निवासी दो आरोपियों में नियोती भुइयां और नागेश भुइयां नें ग़ायब किया था। लिहाजा तमाम सबूतों औऱ कोर्ट में पेश किये गए साक्ष्यों के आधार पर आज बगहा ADJ 4 मानवेन्द्र मिश्र की अदालत ने आजीवन कारावास समेत 1-1 लाख रूपये जुर्माने की सज़ा सुनाई है। कोर्ट के फ़ैसले के बाद दोनों दोषियों को कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच बगहा जेल भेज दिया गया है। 

बताया जा रहा है कि मानव तस्करी बिहार समेत देशभर में आज गंभीर समस्या बन गया है।  लिहाजा बगहा कोर्ट के इस बड़े फ़ैसले के बाद उम्मीद जताई जा रही है कि मानव तस्करी के मामलों में अब गिरावट आएगी जबकि मानव तस्कर खौफ़ज़दा होंगे। 

बता दें कि नेपाल औऱ उतर प्रदेश कि सीमा पर स्थित बगहा में मानव तस्करी कि इस घटना में पश्चिम बंगाल निवासी दो आरोपियों में मां बेटा दोनों शामिल थे जिनपर आरोप सिद्ध होने के बाद आज उन्हें कठोर सज़ा मिली है। 

बगहा से परवेज आलम की रिपोर्ट