नागपंचमी और सावन की तीसरी सोमवारी पर अरेराज सोमेश्वरनाथ मंदिर में हेलीकॉप्टर से हुई पुष्पवर्षा
सावन की तीसरी सोमवारी और नागपंचमी के पावन अवसर पर पूर्वी चंपारण के विश्व प्रसिद्ध बाबा सोमेश्वरनाथ महादेव मंदिर, अरेराज में जिला प्रशासन की ओर से पहली बार हेलीकॉप्टर से बाबा भोलेनाथ के मंदिर परिसर और श्रद्धालुओं पर पुष्पवर्षा कराई गई।

सावन की तीसरी सोमवारी और नागपंचमी के पावन अवसर पर पूर्वी चंपारण के विश्व प्रसिद्ध बाबा सोमेश्वरनाथ महादेव मंदिर, अरेराज में आस्था का अद्भुत संगम देखने को मिला। लाखों श्रद्धालुओं की भीड़ के बीच जिला प्रशासन की ओर से पहली बार हेलीकॉप्टर से बाबा भोलेनाथ के मंदिर परिसर और श्रद्धालुओं पर पुष्पवर्षा कराई गई। जैसे ही हेलीकॉप्टर मंदिर के ऊपर पहुंचा, पूरा परिसर 'हर-हर महादेव' के जयघोष से गूंज उठा। श्रद्धालुओं का उत्साह देखते ही बन रहा था और पूरा क्षेत्र भगवा रंग में रंगा नजर आया।
सावन की तीसरी सोमवारी के साथ नागपंचमी का संयोग होने के कारण इस बार श्रद्धालुओं की संख्या सामान्य दिनों की अपेक्षा काफी अधिक रही। भक्तों की भारी भीड़ को देखते हुए मंदिर प्रशासन ने रविवार देर रात ही विशेष तैयारियां पूरी कर ली थीं। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए सोमवार तड़के रात्रि एक बजे से ही मंदिर का पट खोल दिया गया, ताकि जलाभिषेक सुचारू रूप से कराया जा सके।
सुबह से ही शिवभक्तों की लंबी कतारें मंदिर परिसर में लगी रहीं और समाचार लिखे जाने तक 60 हजार से अधिक श्रद्धालु बाबा भोलेनाथ पर जलाभिषेक कर चुके थे। श्रद्धालुओं के आने का सिलसिला लगातार जारी रहा। श्रद्धालुओं के लिए पुष्पवर्षा इस आयोजन का सबसे आकर्षक केंद्र रही। हेलीकॉप्टर के आसमान में दिखाई देते ही भक्तों ने हाथ उठाकर भगवान शिव का जयघोष किया और वातावरण पूरी तरह भक्तिमय हो गया। श्रद्धालुओं ने इस पल को अपने मोबाइल कैमरों में भी कैद किया।
सुरक्षा व्यवस्था को लेकर जिला प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद रहा। मंदिर तक पहुंचने के लिए तीन अलग-अलग ड्रॉप गेट बनाए गए थे, ताकि भीड़ का दबाव नियंत्रित किया जा सके। मंदिर परिसर और आसपास के क्षेत्रों में बड़ी संख्या में पुलिस बल, दंडाधिकारी एवं पुलिस पदाधिकारियों की प्रतिनियुक्ति की गई थी। इसके अलावा सादे लिबास में भी पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया, जो भीड़ पर लगातार नजर बनाए हुए थे। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए मेडिकल कैंप, पेयजल, शौचालय, विश्राम स्थल तथा अन्य आवश्यक सुविधाओं की भी समुचित व्यवस्था की गई थी। प्रशासन और मंदिर समिति के बेहतर प्रबंधन के कारण लाखों श्रद्धालुओं ने शांतिपूर्ण और व्यवस्थित तरीके से बाबा सोमेश्वरनाथ के दर्शन एवं जलाभिषेक कर पुण्य लाभ प्राप्त किया।
मोतिहारी से सोहराब आलम की रिपोर्ट











