पटना : विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) प्रक्रिया को लेकर जारी सियासी बवाल के बीच केंद्रीय मंत्री व लोजपा (रामविलास) के राष्ट्रीय अध्यक्ष चिराग पासवान की पहली प्रतिक्रिया सामने आई है। चुनाव आयोग में चल रहे मतभेदों पर चिराग पासवान ने कहा कि मैं सरकार का हिस्सा होने के नाते मैं किसी को डिफेंड नहीं करूंगा, चुनाव आयोग एक स्वतंत्र संवैधानिक संस्था है। चिराग ने कहा कि अगर चुनाव आयोग के ऊपर ऐसे सवाल खड़े हो रहे हैं, तो मैं मानता हूं कि यह जिम्मेदारी भी चुनाव आयोग की है। खासतौर पर सीईसी की है। वह अपने पक्ष में अपनी बातों को मजबूती से रखें। विपक्ष क्या बोलता है उससे मुझे फर्क नहीं पड़ता है क्योंकि विपक्ष का काम राजनीति करना है।
मजबूती से बात रखे चुनाव आयोग - चिराग पासवान
केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान ने यह भी कहा कि अगर चुनावी प्रक्रिया के ऊपर ही लोगों का विश्वास या संदेह खड़ा हो जाएगा, तो यह गलत है। ऐसे में मुझे लगता है कि चुनाव आयोग को अपनी बातों को और मजबूती से रखना चाहिए। केंद्रीय मंत्री ने कांग्रेस पर भी हमला किया। चिराग ने कहा कि राहुल गांधी या किसी विपक्ष को जवाब देने के लिए नहीं, जनता के मन में किसी प्रकार का कोई संदेह न आए, इस बात को सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी चुनाव आयोग की है।
आज विपक्ष के नेता कर रहे प्रदर्शन
उधर, एसआईआर प्रक्रिया को लेकर विपक्ष सरकार पर हमलावर है। तेजस्वी यादव ने कहा कि देश का चुनाव आयोग सड़ चुका है। आज हमारी पार्टी पूरे बिहार में चुनाव आयोग का पुतला दहन करेगी। बिहार समेत पांच राज्यों के चुनाव रद्द हो। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी-गृह मंत्री अमित शाह ने चुनाव आयोग को लोकतंत्र ख़त्म करने का एक उपकरण बना लिया है। चुनाव आयोग की कार्य प्रणाली पर प्रश्न उठाने वाले दो चुनाव आयुक्त इतने दिनों तक मौन क्यों थे? देश की जनता सड़कों पर उतरकर अब चुनाव आयोग को पारदर्शी एवं जवाबदेह बनाएगी।