रांची के राजकुमार का जन्मदिन, राजधानी में गूंजा धोनी-धोनी

By : स्वराज पोस्ट | Edited By: Sujeet Kumar
Updated at : Jul 07, 2026, 5:41:00 PM

राजधानी में मंगलवार को सिमलिया स्थित रिंग रोड का नजारा कुछ अलग नजर आया। दरअसल रांची के लोगों ने रांची के राजकुमार और भारतीय क्रिकेट के सबसे सफल कप्तान महेंद्र सिंह धोनी के जन्मदिन को पूरे जोश के साथ मनाया। हालांकि धोनी अपने फार्महाउस में मौजूद नहीं थे, लेकिन उनके घर के बाहर का माहौल किसी उत्सव से कम नहीं था। चारों ओर नीली जर्सी पहने प्रशंसक हाथों में केक और माही के पोस्टर्स लिए एक-दूसरे के बीच खुशियों का इजहार करते नजर आए। हवा में गूंजते ‘हैप्पी बर्थडे माही’ के नारे और ढोल-नगाड़ों की थाप बता रही थी कि रांची के लिए यह सिर्फ एक जन्मदिन नहीं, बल्कि किसी त्योहार जैसा है।

दरअसल मंगलवार की सुबह से ही रांची के अलग-अलग कोनों से फैंस का कारवां सिमलिया की ओर बढ़ चला था। किसी ने हाथ से बना पोस्टर थामा था, तो कोई धोनी की प्रतिष्ठित नंबर 7 वाली जर्सी पहनकर अपनी खुशी जाहिर कर रहा था। फार्महाउस के बाहर मौजूद प्रशंसकों ने बड़े-बड़े केक काटे और एक-दूसरे का मुंह मीठा कराया। रांची के युवाओं के लिए धोनी केवल एक पूर्व खिलाड़ी नहीं, बल्कि वह प्रेरणा हैं जिसने एक छोटे शहर के लड़के को दुनिया के शिखर पर पहुंचाया। 

इस जश्न में शामिल एक प्रशंसक ने नम आंखों से कहा कि माही भाई ने हमें वह गौरव दिया है जिसे हम उम्र भर नहीं भूल सकते। भीड़ में 2007 टी-20 वर्ल्ड कप की ऐतिहासिक जीत से लेकर 2011 में वानखेड़े स्टेडियम में लगे उस ‘विजयी छक्के’ तक की चर्चा आम थी। फैंस का मानना था कि धोनी की कप्तानी ने न केवल खेल बदला, बल्कि देश के करोड़ों युवाओं को सपने देखने और उन्हें पूरा करने का हौसला दिया। एक ऐसा लीडर जो दिल में बसता है। धोनी का ‘शांत स्वभाव’ और उनकी ‘नेतृत्व क्षमता’ आज भी चर्चा का विषय बनी रहती है। 

प्रशंसकों ने कहा कि धोनी ने अपने खेल से जो लकीर खींची है, उसे पाना मुश्किल है। उन्होंने कहा कि भले ही उन्होंने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास ले लिया हो, लेकिन क्रिकेट के प्रति उनके जुनून और खेल के प्रति समझ का कोई सानी नहीं है। आज भी जब हम उन्हें देखते हैं, तो वही पुराना कैप्टन कूल याद आते हैं। धोनी की सादगी और सफलता ने रांची को विश्व मानचित्र पर एक खास पहचान दी है।