राजधानी से बडी खबर है। यहां बिहटा इलाके में फरार चल रहे पूर्व मुखिया का शव संदिग्ध हालात में मिला है। शव मिलने की खबर फैलते ही इलाके में सनसनी फैल गयी और आक्रोशित लोगों ने सडक जाम कर दिया। इस दौरान सडक पर आगजनी भी की गयी। घटना को लेकर काफी देर तक इलाके में अफरातफरी रही।
मिली जानकारी के अनुसार जिले के बिहटा थानाक्षेत्र के राघोपुर गांव के तरवां बोरिंग के पास राघोपुर पंचायत के पूर्व मुखिया संजय कुमार यादव का संदिग्ध परीस्थिति में शव मिलने के बाद इलाके में सनसनी फैल गई। इधर घटना की सूचना मिलने के बाद स्थानीय पुलिस की टीम मौके पहुंची, जहां घटना की जानकारी पटना एफएसएल टीम को दी गई है।
मिली खबर के अनुसार शुक्रवार की सुबह जब स्थानीय लोग खेत की ओर जा रहे थे, तभी खेत की बोरिंग के पास संजय यादव का शव देखा गया। इसके बाद पुलिस को और परिजनों को सूचना दी गई। फिलहाल हत्या है या और कुछ इसकी जांच, अब पुलिस इसकी जांच कर रही है। वहीं मिली जानकारी के अनुसार संजय यादव के ऊपर कई आपराधिक मामले दर्ज थे और कई मामलों में पिछले कई महीनो से फरार चल रहे थे। हत्या की घटना से आहत पूर्व मुखिया संजय यादव की बहन ने पटना पुलिस पर ही अपराधियों को संरक्षण देने का आरोप लगाते हुए कहा कि मेरे भाई की हत्या में बिहटा पुलिस और बिहटा के अल्हनपुरा गांव के निवासी गुड्डू का हाथ है। इन्होंने मिलकर हत्या करवायी है।
उन्होंने वरीय अधिकारियों से निष्पक्ष जांच की माँग की है। हालांकि बहन ने जो आरोप पुलिस पर लगाए हैं उसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी है और न ही पूर्व मुखिया की बहन की ओर से लगाये गए आरोपों पर पुलिस की कोई प्रतिक्रिया सामने आई है। वहीं इस पूरे मामले की जानकारी सामने आते ही लोगों ने सडक को जाम कर दिया और आगजनी भी की। सडक पर आगजनी करने और जाम लगे होने से पूरे इलाके की ट्रैफिक व्यवस्था पर असर पड गया।
इधर घटना की जानकारी मिलने पर पटना पश्चिम सिटी एसपी संकेत कुमार भी मौके पर पहुंचे। उन्होंने मृतक के परिजनों से मुलाकात की। उन्होंने जानकारी दी कि परिजनों की जो मांग है, उसे लेकर विशेष टीम का गठन किया गया है। मामले में लगातार कार्रवाई की जा रही है। जो भी इस घटना में दोषी है, उनके विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी। एसपी के द्वारा आश्वासन मिलने के बाद लगभग पांच घंटे के बाद जाम को हटाया गया और यातायात को चालू कराया गया।
बिहटा से मयंक की रिपोर्ट