बाढ़ से त्राहिमाम, गंगा का बढ़ता जलस्तर, बिहार के कई जिलों में अलर्ट, कई ट्रेनें रद्द

गंगा के बढ़ते जलस्तर को लेकर बिहार के कई जिलों में अलर्ट जारी किया गया है। गांधी घाट पर गंगा ने उच्चतम बाढ़ स्तर को पार किया, डाउनस्ट्रीम में पानी का दबाव बढ़ेगा। वहीं पुनपुन नदी का जलस्तर बढ़ने से रेलवे अलर्ट है। कई ट्रेनों को रद्द किया है।

गंगा के बढ़ते जलस्तर को लेकर बिहार के कई जिलों में अलर्ट जारी किया गया है। गांधी घाट पर गंगा ने उच्चतम बाढ़ स्तर को पार किया, डाउनस्ट्रीम में पानी का दबाव बढ़ेगा। अगले 1 से 3 दिनों में हाथीदह और डाउनस्ट्रीम इलाकों में असर की आशंका है। हाथीदह में पुराने उच्चतम बाढ़ स्तर को गंगा का जलस्तर पार कर सकता है। बेगूसराय, लखीसराय, मुंगेर, भागलपुर और कटिहार के गंगा किनारे के इलाकों में विशेष सतर्कता के निर्देश दिए गए हैं। वहीं पुनपुन नदी का जलस्तर बढ़ने से रेलवे अलर्ट है। पुल नंबर 21 पर पानी पहुंचने से कई ट्रेनें रद्द कर दी गई है। पूर्व मध्य रेलवे ने कई ट्रेनों को रद्द किया है। कई ट्रेनों के रूट में बदलाव किया गया है।  पुनपुन घाट के पास जलस्तर बढ़ने को लेकर यह फैसला लिया गया है।  

अधिकारियों को जलस्तर और संवेदनशील इलाकों की लगातार निगरानी के निर्देश दिए गए हैं। तटबंधों और निचले इलाकों की नियमित निगरानी, एहतियाती उपाय पहले से करने को कहा गया है। बाढ़ नियंत्रण से जुड़े सभी संसाधन और मशीनरी तैयार रखने के निर्देश। लोगों से अनावश्यक रूप से नदी के पास नहीं जाने और सुरक्षित रहने की अपील की गई है। नावों के परिचालन पर निगरानी, ओवरलोडिंग रोकने और लोगों को लगातार सूचना देने का निर्देश।

गंगा नदी के जलस्तर में वृद्धि एवं गांधी घाट पर जलस्तर के उच्चतम बाढ़ स्तर (Highest Flood Level) को पार करने के बाद अब पानी का दबाव डाउनस्ट्रीम क्षेत्रों में रहेगा। इसका प्रभाव अगले 1 से 3 दिनों तक हाथीदह एवं उसके बाद के डाउनस्ट्रीम गेज स्टेशनों पर देखने को मिल सकता है तथा यह हाथीदाह में पुराने उच्चतम बाढ़ स्तर को पार कर सकता है। अतः बेगूसराय, लखीसराय, मुंगेर, भागलपुर, कटिहार जिले के गंगा के किनारे वाले क्षेत्रों में विशेष सतर्कता बरतने की आवश्यकता है। 

गांधी घाट पर बढ़े हुए जलस्तर की लहर के डाउनस्ट्रीम की ओर बढ़ने को देखते हुए संबंधित पदाधिकारियों एवं क्षेत्रीय अधिकारियों को सतर्क रहने तथा जलस्तर की लगातार निगरानी करने को कहा गया है। साथ ही, नदी के जलस्तर, तटबंधों, संवेदनशील स्थलों एवं निचले इलाकों की नियमित निगरानी सुनिश्चित करने तथा आवश्यकता के अनुसार एहतियाती उपाय पहले से करने के निर्देश दिए गए हैं। सभी संबंधित विभागीय एवं क्षेत्रीय अभियंताओं को बाढ़ नियंत्रण से संबंधित सभी संसाधनों एवं मशीनरी को तैयार स्थिति में रखने को कहा गया है।

संबंधित क्षेत्र को लोगों को भी अनावश्यक नदी के निकट नहीं जाने तथा सतर्क और सुरक्षित रहने का सुझाव दिया जाता है। स्थानीय प्रशासन द्वारा नावों के परिचालन पर निगरानी रखने, ओवरलोडिंग को रोकने तथा लोगों को निरंतर सूचना उपलब्ध कराते हुए जागरूक रखने का परामर्श दिया जाता है।

बिहार में नदियों के जलस्तर और बैराज डिस्चार्ज पर बड़ी अपडेट

गंडक, कोसी और सोन नदी के जलस्तर पर लगातार नजर

गंडक के वाल्मीकिनगर बैराज से सुबह 7 बजे करीब 1.38 लाख क्यूसेक पानी का डिस्चार्ज दर्ज

गंडक के कई इलाकों में जलस्तर अभी भी चेतावनी और खतरे के निशान के ऊपर

कोसी के बीरपुर और कुर्सेला क्षेत्र में भी जलस्तर खतरे के निशान से ऊपर

सोन नदी के कोईलवर और मनेर में भी जलस्तर की लगातार निगरानी

गंडक-कोसी समेत कई नदियों के बढ़े जलस्तर को लेकर बाढ़ प्रभावित इलाकों में अलर्ट

  गंडक-कोसी समेत कई नदियों के बढ़े जलस्तर को लेकर बाढ़ प्रभावित इलाकों में अलर्ट

जल संसाधन विभाग और प्रशासन की टीमें तटबंधों और संवेदनशील इलाकों पर लगातार नजर बनाए हुए हैं।