आरजेडी की तेज-तर्रार महिला चेहरा रहीं रितु जायसवाल अब बीजेपी का दामन थामने जा रही हैं। तेजस्वी यादव की टीम की मुखर महिला आवाज मानी जाने वाली रितु जायसवाल ने बीजेपी में जाने का औपचारिक ऐलान कर दिया है। वह आगामी मंगलवार (26 मई) को पटना स्थित प्रदेश भाजपा कार्यालय में आयोजित एक विशेष जॉइनिंग कार्यक्रम में भाजपा की प्राथमिक सदस्यता ग्रहण करेंगी। रितु जायसवाल ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट के जरिए अपने प्रशंसकों और समर्थकों को इस बात की आधिकारिक जानकारी दी है। तेजस्वी यादव ने 2025 में रितु जायसवाल को पार्टी से निष्कासित किया था।
रितु जायसवाल ने बताया कि भाजपा में शामिल होने का यह कार्यक्रम दोपहर 12:19 बजे से 1:09 बजे के बीच संपन्न होगा। इस दौरान बिहार भाजपा के वरिष्ठ नेता और प्रदेश पदाधिकारी उन्हें पार्टी की सदस्यता दिलाएंगे। रितु जायसवाल ने सोशल मीडिया पर लिखा है-प्रिय साथियों एवं शुभचिंतकों, आप सभी के स्नेह, आशीर्वाद एवं निरंतर समर्थन के लिए मैं हृदय से आभार व्यक्त करती हूँ। मैं आप सभी को सूचित करना चाहती हूँ कि भारतीय जनता पार्टी की सदस्यता ग्रहण करने हेतु मैं दिनांक 26 मई 2026 को दोपहर 12:19 बजे से 1:09 बजे तक पटना स्थित बीजेपी कार्यालय के अटल सभागार में आयोजित जॉइनिंग कार्यक्रम में सादगीपूर्ण एवं गरिमामय तरीके से सम्मिलित होऊँगी।
साथ ही रितु जायसवाल ने समर्थकों से अपील करते हुए कहा कि वर्तमान समय में देश अनेक चुनौतियों एवं संवेदनशील परिस्थितियों से गुजर रहा है। प्रधानमंत्री जी द्वारा भी ऊर्जा एवं ईंधन की बचत पर विशेष बल दिया गया है। ऐसे समय में मुझे लगता है कि अनावश्यक भीड़, लंबा काफिला एवं दिखावा उचित नहीं है। मेरे लिए राजनीति सेवा, जिम्मेदारी और विचार का माध्यम है प्रदर्शन का नहीं। सादगी, संवेदनशीलता और जनहित के भाव के साथ ही समाज एवं राष्ट्र की सेवा पूरी निष्ठा से की जा सकती है। अतः आप सभी से मेरा विनम्र आग्रह है कि आप जहाँ कहीं भी हों, वहीं से अपना आशीर्वाद, शुभकामनाएँ एवं समर्थन प्रदान करें।
बता दें कि रितु जायसवाल आरजेडी की महिला प्रकोष्ठ की प्रदेश अध्यक्ष थीं और 2020 में परिहार सीट से बेहद मामूली अंतर से चुनाव हारी थीं। पिछले विधानसभा चुनाव में पार्टी ने उनका टिकट काटकर रामचंद्र पूर्वे की बहू को उम्मीदवार बना दिया था। इस फैसले से नाराज होकर रितु ने बगावती तेवर अपनाए और परिहार सीट से निर्दलीय चुनाव मैदान में उतर गईं। निर्दलीय लड़ने के बावजूद उन्होंने शानदार प्रदर्शन करते हुए 60 हजार से अधिक वोट हासिल किए और आरजेडी उम्मीदवार को तीसरे स्थान पर धकेल दिया था। इस बगावत के बाद आरजेडी ने उन्हें 6 साल के लिए निष्कासित कर दिया था।
बताते चलें कि रितु जायसवाल 2016 में मुखिया बनी थी और उन्होंने शिक्षा, स्वास्थ्य सेवा, स्वच्छता, महिला सशक्तिकरण जैसे विषयों को लेकर अपने क्षेत्र में बहुत काम किया। इसके कारण चर्चा में आ गई। मुखिया के रूप में उन्हें कई पुरस्कार भी मिले। राष्ट्रीय स्तर पर भी पुरस्कार मिलने से राजनीतिक दलों की उनपर नजर गई। राजनीतिक महत्वाकांक्षा के कारण पहले जदयू में शामिल हुईं, फिर आरजेडी में शामिल हुईं। 2020 विधानसभा चुनाव में राजद ने परिहार विधानसभा से उन्हें चुनाव भी लड़ाया। 1549 वोटों से बीजेपी की गायत्री देवी से चुनाव हार गयीं। आरजेडी ने 2024 में शिवहर लोकसभा से चुनाव लड़ाया, लेकिन वहां भी सफलता नहीं मिली। लवली आनंद से 29143 वोटों से हार गईं।