जगन्नाथपुर मंदिर प्रबंधन विवाद में नया मोड़, हाईकोर्ट ने गठित की 11 सदस्यीय कमेटी

रांची के धुर्वा स्थित ऐतिहासिक जगन्नाथपुर मंदिर के संचालन और प्रबंधन को लेकर चल रहे विवाद पर झारखंड हाईकोर्ट में बुधवार को सुनवाई हुई। न्यायमूर्ति आनंदा सेन की अदालत में हुई सुनवाई के दौरान झारखंड हिंदू धार्मिक न्यास बोर्ड ने मंदिर के संचालन एवं प्रबंधन से संबंधित संशोधित स्कीम कोर्ट के समक्ष प्रस्तुत की।
स्कीम की समीक्षा और उसके विभिन्न पहलुओं का अध्ययन करने के लिए हाईकोर्ट ने महाधिवक्ता रोहित राय की अध्यक्षता में 11 सदस्यीय कमेटी का गठन किया है। अदालत ने कमेटी को संशोधित स्कीम का अध्ययन कर अपनी रिपोर्ट 3 सितंबर तक कोर्ट में दाखिल करने का निर्देश दिया है। मामले की अगली सुनवाई 7 सितंबर को निर्धारित की गई है।
धारा 32 के तहत स्कीम तैयार करने का दिया गया था निर्देश
मामले की पिछली सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने झारखंड हिंदू धार्मिक न्यास बोर्ड को जगन्नाथपुर मंदिर की व्यवस्था को लेकर एक विस्तृत स्कीम तैयार कर प्रस्तुत करने को कहा था। अदालत ने स्पष्ट किया था कि यह स्कीम झारखंड हिंदू धार्मिक ट्रस्ट बोर्ड एक्ट की धारा 32 के प्रावधानों के अनुरूप होनी चाहिए।
अदालत के निर्देश के बाद न्यास बोर्ड ने मंदिर के संचालन और प्रबंधन से जुड़ी संशोधित व्यवस्था का प्रस्ताव तैयार कर बुधवार को कोर्ट में पेश किया। अब 11 सदस्यीय कमेटी इस प्रस्ताव का परीक्षण करेगी और अपनी रिपोर्ट अदालत को सौंपेगी।
सुनवाई के दौरान झारखंड हिंदू धार्मिक न्यास बोर्ड की ओर से अधिवक्ता भरत कुमार ने अदालत के समक्ष पक्ष रखा। हाईकोर्ट के अगले आदेश और कमेटी की रिपोर्ट के बाद जगन्नाथपुर मंदिर के संचालन एवं प्रबंधन को लेकर आगे की दिशा स्पष्ट होने की उम्मीद है।











