भारत में अब त्योहारों का सीजन शुरू होने वाला है। शारदीय नवरात्रि और दुर्गा पूजा से शुरू होकर छठ महापर्व तक त्योहारों का महाउत्सव चलेगा। 11 अक्टूबर 2026 (रविवार) से दुर्गा पूजा की शुरुआत हो रही है। इसी दिन कलश स्थापना के साथ शारदीय नवरात्रि प्रारंभ होगा। दुर्गा पूजा के बाद फिर दिवाली शुरू होगा। हिंदू परंपरा में यह पर्व केवल एक दिन का उत्सव नहीं, बल्कि खुशियों, प्रकाश और समृद्धि का 5 दिवसीय महापर्व (पंचपर्व) होता है। रोशनी का यह पावन पर्व 6 नवंबर 2026 से धनतेरस के साथ शुरू होगा, जिसका समापन 11 नवंबर को भाई दूज के साथ होगा। फिर आस्था का चार दिवसीय महापर्व छठ पूजा शुरू होगा। आइये आगे जानते हैं। दुर्गापूजा से छठ महापर्व तक, कब मनाएं जाएंगे ये पर्व।
दुर्गा पूजा 2026 की तिथियां
• शारदीय नवरात्रि आरंभ (घटस्थापना): 11 अक्टूबर 2026 (रविवार)
• महा पंचमी: 16 अक्टूबर 2026 (शुक्रवार)
• महा षष्ठी: 17 अक्टूबर 2026 (शनिवार)
• महा सप्तमी: 18 अक्टूबर 2026 (रविवार)
• महा अष्टमी: 19 अक्टूबर 2026 (सोमवार)
• महा नवमी: 20 अक्टूबर 2026 (मंगलवार)
• विजया दशमी (दशहरा): 20 से 21 अक्टूबर 2026 (क्षेत्रीय पंचांग के अनुसार)
धनतेरस, दीपावली और भाई दूज
अब आइये जानते हैं वर्ष 2026 में धनतेरस, नरक चतुर्दशी, मुख्य दिवाली, गोवर्धन पूजा और भाई दूज किस-किस दिन मनाए जाएंगे। इस 5 दिवसीय उत्सव के दौरान मां लक्ष्मी, भगवान गणेश, कुबेर देव, धन्वंतरि जी, भगवान श्री कृष्ण और यमराज की विशेष पूजा की जाती है।
धनतेरस (Dhanteras 2026)- 6 नवंबर 2026 (शुक्रवार)
नरक चतुर्दशी व रूप चौदस (Narak Chaturdashi)-7 नवंबर 2026 (शनिवार)
दीपावली व लक्ष्मी पूजन (Diwali 2026)- 8 नवंबर 2026 (रविवार)
गोवर्धन पूजा व अन्नकूट (Govardhan Puja)- 10 नवंबर 2026 (मंगलवार)
भाई दूज व यम द्वितीया (Bhai Dooj 2026)- 11 नवंबर 2026 (बुधवार)
छठ महापर्व
छठ पूजा का पर्व चार दिनों तक चलता है। इस दौरान छठी मैया और सूर्य देव की उपासना करने का विधान है। छठ के महापर्व में व्रती कठिन नियमों का पालन करते हैं। छठ पर्व का शुभारंभ नहाए-खाए के साथ होता है। इसके बाद खरना होता है। महापर्व के तीसरे दिन डूबते सूर्य और चौथे व अंतिम दिन उगते सूर्य को अर्घ्य दिया जाता है।
छठ पूजा 2026 की तिथियां
चार दिनों तक चलने वाला छठ महापर्व नवंबर 2026 में है:
•नहाय-खाय (पहला दिन): 13 नवंबर 2026 (शुक्रवार)
•खरना (दूसरा दिन): 14 नवंबर 2026 (शनिवार)
•संध्या अर्घ्य (तीसरा दिन- डूबते सूर्य को अर्घ्य): 15 नवंबर 2026 (रविवार)
•उषा अर्घ्य (चौथा दिन - उगते सूर्य को अर्घ्य व पारण): 16 नवंबर 2026 (सोमवार)