झारखंड में लगातार बढ़ रही गर्मी और लू के प्रकोप के बीच राज्य सरकार ने आम लोगों को राहत पहुंचाने के लिए व्यापक पहल शुरू की है। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के निर्देश के बाद राज्यभर में पुलिस प्रशासन सक्रिय नजर आ रहा है। कई जिलों में पुलिस अधिकारी और जवान खुद सड़कों पर उतरकर राहगीरों और आम नागरिकों को ठंडा एवं स्वच्छ पेयजल उपलब्ध करा रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने सभी जिलों के प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि भीषण गर्मी के दौरान लोगों को पेयजल और जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराने में किसी प्रकार की लापरवाही नहीं होनी चाहिए। सरकार ने इसे जनहित से जुड़ा महत्वपूर्ण अभियान बताया है।
राज्य के विभिन्न जिलों में थाना परिसरों, पुलिस कार्यालयों और ओपी के बाहर प्याऊ केंद्र स्थापित किए गए हैं। इन स्थानों पर मिट्टी के घड़ों और अन्य साधनों के जरिए ठंडे पानी की व्यवस्था की गई है, ताकि गर्मी से परेशान लोगों को राहत मिल सके।
गढ़वा पुलिस ने जानकारी दी कि जिले के अलग-अलग थाना परिसरों में राहगीरों और स्थानीय लोगों के लिए शीतल पेयजल की व्यवस्था की गई है। वहीं गिरिडीह में इस अभियान की शुरुआत के दौरान एसपी स्वयं मौजूद रहे। उन्होंने मुफस्सिल और पचंबा थाना क्षेत्र में लगाए गए प्याऊ केंद्रों का निरीक्षण किया और लोगों को पानी पिलाकर अभियान की शुरुआत की।
गुमला जिले में भी पुलिसकर्मी थानों के बाहर लोगों को पानी उपलब्ध कराते नजर आए। खूंटी पुलिस ने “पनशाला अभियान” के तहत सभी थाना परिसरों के बाहर पेयजल की व्यवस्था शुरू की है। यहां भी जिले के एसपी ने आम नागरिकों को पानी पिलाकर अभियान का शुभारंभ किया।
जामताड़ा पुलिस ने बताया कि जिला अंतर्गत सभी थाना, ओपी और पुलिस प्रतिष्ठानों में स्वच्छ पेयजल की सुविधा शुरू की गई है। देवघर पुलिस ने भीषण गर्मी और हीटवेव को देखते हुए जिले के सभी थानों में शीतल जल केंद्र स्थापित किए हैं।
हजारीबाग पुलिस ने पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर थाना और पिकेट स्तर तक प्याऊ की व्यवस्था लागू की है। वहीं चाईबासा पुलिस ने भी तापमान में लगातार बढ़ोतरी को देखते हुए थाना और ओपी परिसरों में राहगीरों के लिए ठंडे पानी की सुविधा शुरू की है।
बोकारो और साहिबगंज जिलों में भी पुलिस प्रशासन ने आम लोगों को राहत देने के उद्देश्य से शीतल पेयजल केंद्र स्थापित किए हैं। अधिकारियों का कहना है कि यह व्यवस्था गर्मी के इस कठिन दौर में लोगों को राहत पहुंचाने के लिए की गई है।