स्वतंत्रता दिवस पर CM का बड़ा संदेश, भर्ती परीक्षाओं से रोजगार तक गिनाईं सरकार की प्राथमिकताएं

स्वतंत्रता दिवस पर CM का बड़ा संदेश, भर्ती परीक्षाओं से रोजगार तक गिनाईं सरकार की प्राथमिकताएं

झारखंड के 80वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने रांची के मोरहाबादी मैदान में ध्वजारोहण किया। उन्होंने परेड का निरीक्षण करने के बाद राज्यवासियों को संबोधित किया। अपने संबोधन में मुख्यमंत्री ने स्वतंत्रता के मायने को शिक्षा, किसानों की खुशहाली और सामाजिक न्याय से जोड़ते हुए कहा कि 15 अगस्त केवल उत्सव का दिन नहीं, बल्कि लगातार निभाई जाने वाली जिम्मेदारी का भी प्रतीक है।

मुख्यमंत्री ने राज्य के युवाओं की चिंताओं और भर्ती परीक्षाओं में सामने आए विवादों पर भी बात रखी। उन्होंने कहा कि प्रतियोगी परीक्षाओं में मेहनत करने वाले युवाओं के साथ किसी भी तरह का अन्याय नहीं होने दिया जाएगा। सरकार ने JPSC और JSSC की व्यवस्था में बदलाव का निर्णय लिया है।

उन्होंने स्पष्ट किया कि परीक्षा प्रक्रिया में गड़बड़ी करने वाला व्यक्ति कितना भी प्रभावशाली क्यों न हो, उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। सरकार का लक्ष्य भर्ती प्रक्रिया को निष्पक्ष और तय समयसीमा के भीतर पूरा करना है। मुख्यमंत्री ने छात्रों, शिक्षकों और अभिभावकों से भी व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए सुझाव देने की अपील की।

16 लाख से ज्यादा MSME, 60 लाख से अधिक रोजगार

रोजगार और आर्थिक गतिविधियों का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में 16 लाख से अधिक MSME इकाइयां संचालित हैं, जिनसे 60 लाख से ज्यादा लोगों को रोजगार मिला है। उन्होंने बताया कि स्थानीय संसाधनों पर आधारित उद्योगों को बढ़ावा देकर आने वाले समय में 22 हजार से अधिक लोगों के लिए रोजगार के अवसर तैयार किए जाएंगे।

कृषि और बागवानी क्षेत्र में किए जा रहे प्रयासों का भी उन्होंने उल्लेख किया। मुख्यमंत्री के अनुसार, जोहार रागी मिशन से 35 हजार से ज्यादा किसानों को आजीविका का सहारा मिल रहा है।

महिला सशक्तिकरण और स्वास्थ्य सेवाओं पर जोर

महिला सशक्तिकरण को सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल बताते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि मंईयां सम्मान योजना से महिलाओं में आर्थिक आत्मनिर्भरता को बढ़ावा मिला है। उन्होंने महिला किसानों की भागीदारी बढ़ाने और उन्हें किसान उत्पादक संगठनों से जोड़ने की बात भी कही।

स्वास्थ्य व्यवस्था को लेकर मुख्यमंत्री ने अस्पतालों के विस्तार के साथ टेलीमेडिसिन और डिजिटल स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि विकास की वास्तविक सफलता तभी मानी जाएगी, जब उसका असर सरकारी कागजों और आंकड़ों से आगे बढ़कर आम लोगों के जीवन में दिखाई दे।