करवा चौथ की खुशियां मातम में बदलीं, नदी में समाई फॉर्च्यूनर, प्रतिष्ठित व्यवसायी की मौत

बिहार के पूर्णिया से एक हृदयविदारक घटना सामने आई है। र्णिया के प्रतिष्ठित व्यवसायी और समाजसेवी विनय कुमार विश्वास उर्फ बबलू की एक भीषण सड़क दुर्घटना में मौत हो गई। उनकी फॉर्च्यूनर कार कप्तान पुल की रेलिंग तोड़ते हुए सौरा नदी में जा गिरी।

बिहार के पूर्णिया से एक हृदयविदारक घटना सामने आई है। करवा चौथ के दिन पत्नी अपने पति के घर लौटने की प्रतीक्षा कर रही थी, लेकिन नियति को कुछ और ही मंजूर था। पूर्णिया के प्रतिष्ठित व्यवसायी और समाजसेवी विनय कुमार विश्वास उर्फ बबलू की एक भीषण सड़क दुर्घटना में मौत हो गई। उनकी फॉर्च्यूनर कार कप्तान पुल की रेलिंग तोड़ते हुए सौरा नदी में जा गिरी। इस घटना के बाद पूरे इलाके में शोक की लहर है।

घटना गुरुवार शाम करीब सात बजे की है। पूर्णिया के सदर थाना क्षेत्र स्थित कप्तान पुल पर एक तेज रफ्तार फॉर्च्यूनर अचानक अनियंत्रित होकर पुल की सुरक्षा रेलिंग तोड़ते हुए सौरा नदी में जा गिरी। वाहन स्वयं विनय कुमार विश्वास चला रहे थे और अपने पैतृक गांव कोचैली से पूर्णिया के प्रभात कॉलोनी स्थित आवास लौट रहे थे।

घटना की सूचना मिलते ही सदर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी अभिनव पाराशर, सदर एसडीएम विग्नेश टी. ए., ट्रैफिक डीएसपी तथा सदर थाना पुलिस सहित प्रशासनिक अधिकारी घटनास्थल पर पहुंचे। स्थानीय लोगों और बचाव दल के सहयोग से क्रेन की मदद से नदी में डूबी कार को बाहर निकाला गया। 

इस दौरान करीब एक घंटे तक अफरातफरी का माहौल रहा और सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। कार से निकाले गए विनय विश्वास को राजकीय चिकित्सा महाविद्यालय एवं अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।

करीब 45 वर्षीय विनय कुमार विश्वास उर्फ बबलू पूर्णिया के प्रतिष्ठित व्यवसायी होने के साथ अत्यंत मिलनसार और समाजसेवी व्यक्तित्व के धनी थे। वे रेनॉल्ट चारपहिया वाहन शोरूम, महिंद्रा ट्रक शोरूम तथा कई व्यावसायिक प्रतिष्ठानों और गोदामों से जुड़े थे। वे डगरुआ प्रखंड के कोचैली गांव के प्रतिष्ठित कृषक परिवार से आते थे। उनके पिता का नाम कृष्ण लाल विश्वास और बड़े भाई का नाम विमल विश्वास है। उनके परिवार में पत्नी और दो पुत्र हैं।

व्यवसाय के साथ सामाजिक और धार्मिक कार्यों में भी उनकी सक्रिय भागीदारी रहती थी। देवघर जाने वाले कांवरियों की सेवा के लिए कटोरिया में आयोजित पूर्णिया सेवा शिविर में वे लगातार लगभग एक महीने तक निःशुल्क सेवा व्यवस्था में सहयोग करते थे। परिचितों के अनुसार उनका हंसमुख, शांत और सहयोगी स्वभाव लोगों के बीच विशेष पहचान रखता था।

इस घटना का सबसे मार्मिक पहलू करवा चौथ का दिन होना है। परिजनों के अनुसार प्रभात कॉलोनी स्थित आवास पर उनकी पत्नी करवा चौथ के अवसर पर पति के लौटने की प्रतीक्षा कर रही थीं। लेकिन पति की सकुशल वापसी के स्थान पर दुर्घटना और मृत्यु की खबर पहुंची। इस समाचार से पूरा परिवार गहरे सदमे में है।

विनय विश्वास पूर्व सांसद संतोष कुशवाहा के नजदीकी रिश्तेदार थे। उनके असामयिक निधन से संतोष कुशवाहा, उनके बड़े भाई शंकर कुशवाहा तथा परिवार एवं गांव के अन्य लोग तथा सदस्य अत्यंत शोकाकुल हैं। पूर्णिया के वर्तमान सांसद पप्पू यादव ने भी वीडियो संदेश के माध्यम से इस दुर्घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया है।

पोस्टमार्टम के बाद रात करीब 11 बजे शव को उनके पैतृक गांव कोचैली ले जाया गया, जहां अंतिम संस्कार की तैयारी है। घटना के बाद गांव में मातम पसरा हुआ है।

 पूर्णिया से ब्यूरो रिपोर्ट