जहानाबाद में शनिवार को पुलिस और आम जनता के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने तथा जनसमस्याओं के त्वरित समाधान के उद्देश्य से लोक संवाद गोष्ठी का आयोजन किया गया। सरकारी विद्यालय परिसर में आयोजित इस कार्यक्रम में पुलिस अधीक्षक कोटा किरण कुमार, नगर थाना प्रभारी उमेश कुमार प्रसाद सहित जिले के विभिन्न थानों के प्रभारी और पुलिस पदाधिकारी उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के दौरान आम लोगों ने अपनी समस्याएं और सुझाव सीधे पुलिस अधिकारियों के समक्ष रखे। लोक संवाद गोष्ठी का संचालन नगर थाना प्रभारी उमेश कुमार प्रसाद ने किया। उन्होंने कहा कि पुलिस और जनता के बीच आपसी विश्वास एवं बेहतर तालमेल से ही कानून-व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाया जा सकता है।
उन्होंने लोगों से अपील की कि वे बिना किसी झिझक के अपनी समस्याएं पुलिस तक पहुंचाएं, ताकि उनका समयबद्ध और निष्पक्ष समाधान सुनिश्चित किया जा सके। उन्होंने बताया कि पूर्व में आयोजित संवाद कार्यक्रमों में भी लोगों द्वारा उठाई गई शिकायतों पर पुलिस ने त्वरित कार्रवाई की है। कई मामलों में छापेमारी कर आरोपियों की गिरफ्तारी की गई तथा लोगों की शिकायतों का सफलतापूर्वक निष्पादन किया गया।
इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक कोटा किरण कुमार ने कहा कि लोक संवाद गोष्ठी का मुख्य उद्देश्य पुलिस और आम नागरिकों के बीच विश्वास का रिश्ता मजबूत करना है। उन्होंने कहा कि कई लोग थाना जाकर शिकायत दर्ज कराने या अपनी बात रखने में संकोच करते हैं। ऐसे लोगों के लिए यह मंच एक बेहतर अवसर है, जहां वे खुलकर अपनी समस्याएं और सुझाव पुलिस के साथ साझा कर सकते हैं।
एसपी ने भरोसा दिलाया कि संवाद के दौरान प्राप्त प्रत्येक शिकायत और सुझाव पर गंभीरता से विचार किया जाता है तथा आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जाती है। यदि कोई व्यक्ति गोपनीय रूप से किसी आपराधिक गतिविधि या अन्य महत्वपूर्ण जानकारी देना चाहता है, तो उसकी पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाती है। कार्यक्रम में लोगों ने नशाखोरी, सड़क सुरक्षा, कानून-व्यवस्था, यातायात व्यवस्था तथा अन्य स्थानीय समस्याओं को प्रमुखता से उठाया।
पुलिस अधिकारियों ने सभी मुद्दों पर प्रभावी कार्रवाई का आश्वासन दिया और नागरिकों से कानून-व्यवस्था बनाए रखने में पुलिस का सहयोग करने की अपील की। इस लोक संवाद गोष्ठी में नगर थाना सहित जिले के विभिन्न थानों के पुलिस पदाधिकारी, जनप्रतिनिधि तथा बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक मौजूद रहे।
जहानाबाद से बरुण कुमार की रिपोर्ट