पश्चिमी चंपारण: राज्य के पश्चिमी चंपारण जिले में नेपाल के तराई क्षेत्र मे लगातार हो रही बारिश व जिले में हो रही बारिश से गंडक नदी का जलस्तर बढ रहा है । बीती देर रात नौ बजे वाल्मीकिनगर गंडक बराज से एक लाख 72 हजार क्यूसेक पानी गंडक मे डिस्चार्ज किया गया। उसके बाद प्रति घंटे 1.63 लाख तो कभी 1.58 क्यूसेक पानी डिस्चार्ज होता रहा। गुरुवार की दोपहर गंडक नदी में 1.58 लाख क्यूसेक पानी डिस्चार्ज किया गया। गंडक नदी के जलस्तर में उतार चढाव से योगापट्टी प्रखंड के सिसवा मंगलपुर, चौमुखा, जरलपुर के पास कटाव तेज हो गया है। करीब 100 एकड से ज्यादा फसल लगी जमीन विलिन हो गयी है जबकि छह से अधिक घर नदी मे विलिन हो गये हैं। करी 25 घरों पर कटाव का खतरा मंडरा रहा है।
मिली खबर के अनुसार बगहा के मंगलपुर में भी कटाव का खतरा मंडरा रहा है। वहां भी 100 एकड से ज्यादा जमीन गंडक नदी अपने आगोश मे ले ली है। इस संबध मे जिला पदाधिकारी तरनजोत सिंह ने कहा कि सभी कटाव पीडितों का जिनका घर नदी मे कट गया है, संबधित अंचलाधिकारी से रिपोर्ट मांगी जा रही है। रिपोर्ट आते ही सरकार से जो भी सहायता मिलती है, उन्हें दी जायेगी। फिलहाल गंडक नदी के किनारे बसे लोगो से माईकिंग कर उपर जाने को कहा गया है। नदी के कटाव से अपने घरों को बचाने की उम्मीद टूटने के बाद अब कई ग्रामीण खुद ही अपने आशियाने तोड़कर सामान सुरक्षित स्थानों पर ले जाने को मजबूर हैं। ग्रामीणों का कहना है कि जिस घर को बनाने में वर्षों की मेहनत और जीवनभर की जमा पूंजी लगी, उसे अपनी आंखों के सामने तोड़ना बेहद पीड़ादायक है। लेकिन गंडक नदी जिस तेजी से उनके घरों के करीब पहुंच रही है, उसके कारण उनके सामने कोई दूसरा विकल्प नहीं बचा है।
बाढ को लेकर आपदा की मीटिंग भी कलेक्ट्रेट में आयोजित की गयी। बैठक मे नगर पंचायत चनपटिया के सभापति रजनी देवी ने चनपटिया नगर के सिकरहना नदी पर हो रहे कटाव की सुरक्षा के लिये तटबंध पर लोहे की जाली में पत्थर भरकर मरम्मत करने की मांग उठाई साथ ही उन्होंने सिकरहना नदी में हुए सीलन पट को बालू निकलवाने की मांग की। उन्होंने कहा कि कई वर्षों से बांध की मरम्मती और नदी के सीलन पर पड़े बालुओं को नहीं निकाला गया है, जिसे नदी भर गया है और बाढ़ का खतरा बना रहता है। अगर बालू निकलवा दिया जाएगा तो बाढ़ का खतरा और बांध टूटने की खतरा से बचा जा सकता है। बैठक मे आपदा प्रबंधन अध्यक्ष सह विधान पार्षद राजीव कुमार ने कहा कि जिला प्रशासन ने आपदा से निबटने की तैयारी कर रखी है। जहां से जो कोई सूचना मिल रही है, वहां राहत कार्य कराया जा रहा है ।
बगहा से परवेज आलम की रिपोर्ट