बिहार में भ्रष्टाचार के खिलाफ सम्राट सरकार का एक्शन जारी है। इसी कड़ी में आर्थिक अपराध इकाई (EOU) ने सुपौल जिले के जिला अवर निबंधक (सब-रजिस्ट्रार) अमरेन्द्र कुमार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। आय से अधिक संपत्ति जमा करने के आरोप में यह कार्रवाई हुई है। पटना समेत 4 ठिकानों पर EOU की छापेमारी चल रही है।
सुपौल जिले के जिला अवर निबंधक (सब-रजिस्ट्रार) अमरेन्द्र कुमार पर करीब 1.10 करोड़ रुपये की आय से अधिक संपत्ति का आरोप है, जो उनकी ज्ञात आय से 65% ज्यादा बताई जा रही है। पटना के विशेष निगरानी न्यायालय से मिले तलाशी वारंट के आधार पर EOU की अलग-अलग टीमें पटना समेत चार जगहों पर छापेमारी कर रही हैं। जिन ठिकानों पर छापा पड़ा है, उनमें पटना के आशियाना-दीघा रोड स्थित राज अपार्टमेंट का फ्लैट, सारण जिले के छपरा में उनका पैतृक घर, सुपौल स्थित उनका कार्यालय और किराए का घर शामिल है। अधिकारियों ने कहा कि कार्रवाई जारी है और जांच के बाद पूरी जानकारी सामने आएगी।
जांच में सामने आया है कि अमरेन्द्र कुमार ने कुल 1 करोड़ 10 लाख 64 हजार रुपये की अवैध संपत्ति अर्जित की है, जो उनकी ज्ञात आय से लगभग 65.08 प्रतिशत अधिक है। इस खुलासे के बाद आर्थिक अपराध इकाई ने त्वरित कार्रवाई करते हुए विशेष न्यायालय निगरानी, पटना से तलाशी वारंट प्राप्त किया। तलाशी वारंट मिलने के बाद आज 6 मई 2026 की सुबह से ही पुलिस उपाधीक्षक स्तर के अधिकारियों के नेतृत्व में अलग-अलग टीमों द्वारा एक साथ चार ठिकानों पर छापेमारी शुरू की गई।
मिली जानकारी के अनुसार छापेमारी के दौरान कई महत्वपूर्ण दस्तावेज, बैंक खातों से जुड़े कागजात, संपत्ति के कागजात और अन्य संदिग्ध वित्तीय लेन-देन से संबंधित साक्ष्य मिलने की संभावना जताई जा रही है। जांच टीम हर पहलू को ध्यान में रखते हुए बारीकी से छानबीन कर रही है ताकि अवैध संपत्ति के पूरे नेटवर्क का खुलासा किया जा सके। EOU के एडीजी नैय्यर हसनैन खान ने बताया कि छापेमारी की कार्रवाई अभी जारी है और पूरी जांच के बाद ही पूरी जानकारी शेयर की जाएगी। इस कार्रवाई के बाद सरकारी विभागों में हड़कंप मच गया है।