पलामू जिले से बडी खबर है। यहां जिले के हैदरनगर के बडंडा बरवाडीह गांव के रहने वाले 50 वर्षीय महेंद्र विश्वकर्मा पिछले कुछ दिनों से नेपाल में लापता हैं। परिजनों का उनसे संपर्क पूरी तरह टूट गया है, जिससे उनका परिवार गहरे सदमे और चिंता में है।
मिली खबर के अनुसार महेंद्र विश्वकर्मा नेपाल के बाणेश्वर स्थित एक हाइड्रो पावर प्लांट में कार्यरत हैं। इससे पहले वे मार्च तक मेघालय में कंपनी के प्रोजेक्ट पर थे, जहां से अप्रैल में उनका तबादला बाणेश्वर (नेपाल) किया गया था। पत्नी कलावती देवी के अनुसार, 25 अगस्त की रात 8:45 बजे पति से अंतिम बार फोन पर बातचीत हुई थी। इसके बाद 26 अगस्त को सुबह 8:07 बजे महेंद् की तरफ से कॉल आया था, लेकिन बात नहीं हो सकी। तब से उनका मोबाइल बंद आ रहा है और कोई संपर्क नहीं हो पा रहा है। कंपनी प्रबंधन की ओर से भी परिजनों को कोई स्पष्ट जानकारी नहीं दी जा रही है।
ज्ञात हो कि नेपाल में आये जल प्रलय के बाद वहां के हालात बेहद खराब हैं और बड़ी संख्या में लोग लापता बताए जा रहे हैं। आपदा के बीच महेंद्र विश्वकर्मा का कोई सुराग न मिलने से परिजन किसी अनहोनी की आशंका से डरे हुए हैं। पीड़ित परिवार ने भारत सरकार, विदेश मंत्रालय और हाइड्रो पावर प्लांट के अधिकारियों से महेंद्र विश्वकर्मा की शीघ्र खोजबीन कर उन्हें सकुशल वापस लाने की गुहार लगाई है।
वहीं इस मामले पर पलामू के डीसी दिलीप प्रताप सिंह शेखावत ने बताया कि महेंद्र विश्वकर्मा के लापता होने का मामला जिला प्रशासन के संज्ञान में आ चुका है और उन्हें सुरक्षित ढूंढ निकालने के लिए सभी आवश्यक प्रशासनिक कदम उठाए जा रहे हैं।
पलामू से विकास कश्यप की रिपोर्ट