सुपौल के निर्मली अनुमंडल के लिए आज का दिन ऐतिहासिक साबित हुआ। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से राज्य के 25 अनुमंडलीय अस्पतालों में एक साथ डायलिसिस सेवा का शुभारंभ किया, जिसमें निर्मली अनुमंडलीय अस्पताल भी शामिल रहा। इसके साथ ही सुपौल सदर अस्पताल के बाद निर्मली जिले का दूसरा सरकारी अस्पताल बन गया, जहां डायलिसिस की सुविधा उपलब्ध हो गई है।
अस्पताल परिसर में आयोजित कार्यक्रम में सिविल सर्जन डॉ. बाबू साहब झा, एसडीएम धीरज कुमार सिन्हा, जिला परिषद सदस्य सुनीता यादव, डीपीएम बालकृष्ण चौधरी, अस्पताल उपाधीक्षक डॉ. रवि कुमार रवि, पूर्व उपाधीक्षक डॉ. शैलेन्द्र कुमार, पीएचसी प्रभारी डॉ. अखिलेश झा, स्वास्थ्य प्रबंधक मुकेश कुमार सहित स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी, चिकित्सक, जनप्रतिनिधि और गणमान्य लोग मौजूद रहे।
सिविल सर्जन डॉ. बाबू साहब झा ने कहा कि अब किडनी मरीजों को इलाज के लिए दूसरे शहरों का रुख नहीं करना पड़ेगा। राशन कार्डधारी मरीजों को डायलिसिस की सुविधा निःशुल्क मिलेगी, जिससे आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को बड़ी राहत मिलेगी। नई सेवा शुरू होने से निर्मली समेत आसपास के क्षेत्रों के मरीजों को समय पर इलाज उपलब्ध होगा और इलाज पर होने वाले खर्च व परेशानी में भी कमी आएगी।
सुपौल से कुणाल कुमार की रिपोर्ट