हर शहर में बनेगी 'सिग्नेचर रोड' शहरी विकास योजना के तहत सरकार का बड़ा फैसला, होंगी ये सुविधाएं

बिहार सरकार राज्य के सभी शहरी निकायों में व्यापक शहरी विकास अभियान शुरू करने जा रही है। इसके अंतर्गत प्रत्येक शहरी निकाय में 1 से 2 किलोमीटर लंबी ‘सिग्नेचर रोड’ विकसित की जाएगी, जो शहर की पहचान बनेगी और आधुनिक नागरिक सुविधाओं से लैस होगी।

बिहार सरकार राज्य के सभी शहरी निकायों में व्यापक शहरी विकास अभियान शुरू करने जा रही है। इस योजना के तहत नगर निगम, नगर परिषद और नगर पंचायतों में उच्च प्रभाव वाले विकास कार्य कराए जाएंगे। इसके अंतर्गत प्रत्येक शहरी निकाय में 1 से 2 किलोमीटर लंबी ‘सिग्नेचर रोड’ विकसित की जाएगी, जो शहर की पहचान बनेगी और आधुनिक नागरिक सुविधाओं से लैस होगी।

शहरी विकास एवं आवास मंत्री नीतीश मिश्रा ने बुधवार को बताया कि सरकार ने शहरी क्षेत्रों के विकास के लिए अल्पकालिक और दीर्घकालिक दोनों तरह की परियोजनाओं की पहचान कर ली है। इनका उद्देश्य शहरों के बुनियादी ढांचे को मजबूत करना और नागरिकों के जीवन स्तर में सुधार लाना है। यह पहल मुख्यमंत्री की उस परिकल्पना के अनुरूप है, जिसके तहत बिहार के सभी शहरों को आधुनिक, सुव्यवस्थित, स्वच्छ और हरित बनाया जाना है।

मंत्री ने बताया कि सभी शहरी निकायों को ऐसे अल्पकालिक कार्यों की पहचान कर उन्हें अक्टूबर 2026 तक पूरा करने का निर्देश दिया गया है। इन परियोजनाओं में त्वरित स्वीकृति, समयबद्ध क्रियान्वयन और गुणवत्ता पर विशेष ध्यान दिया जाएगा ताकि अधिक से अधिक लोगों को शीघ्र लाभ मिल सके।

इसके साथ ही नगर निकायों को दिसंबर 2028 तक पूरी होने वाली दीर्घकालिक विकास योजनाएं भी तैयार करने को कहा गया है। प्राथमिकता उन परियोजनाओं को दी जाएगी जिनका लाभ सबसे अधिक लोगों तक पहुंचे और जिनसे शहरी बुनियादी ढांचे में स्थायी सुधार हो।

सिग्नेचर रोड में होंगी ये सुविधाएं

सड़क का चौड़ीकरण

सौंदर्यीकरण और आकर्षक लैंडस्केपिंग

आधुनिक स्ट्रीट लाइटिंग

ग्रीन बेल्ट और वृक्षारोपण

बेहतर नागरिक सुविधाएं एवं सार्वजनिक स्थल

सरकार का लक्ष्य इन सड़कों को शहर की पहचान के रूप में विकसित करना है। इसके लिए नगर निकायों से पर्याप्त चौड़ाई वाली सड़कों की पहचान करने को कहा गया है, जहां सौंदर्यीकरण, हरियाली और आवश्यकता पड़ने पर सुव्यवस्थित नाइट मार्केट भी विकसित किए जा सकें। सरकार का मानना है कि इन परियोजनाओं से शहरों की सुंदरता बढ़ेगी, नागरिकों को बेहतर सार्वजनिक सुविधाएं मिलेंगी, स्थानीय व्यापार को प्रोत्साहन मिलेगा और शहरी क्षेत्रों में आर्थिक गतिविधियों को नई गति मिलेगी।