भरत तिवारी को गोली मारने वाले STF जवान की गिरफ्तारी पर DGP का बड़ा बयान

भोजपुर जिले के शाहपुर थाना क्षेत्र के बिलौटी गांव में हुए कथित एनकाउंटर मामले में एसटीएफ जवान अक्षय कुमार को गिरफ्तार कर लिया गया है। इस मामले को लेकर शनिवार को पटना एयरपोर्ट पर बिहार के पुलिस महानिदेशक विनय कुमार ने भी अपनी प्रतिक्रिया दी।

भोजपुर जिले के शाहपुर थाना क्षेत्र के बिलौटी गांव में हुए कथित एनकाउंटर मामले में अब कानून का शिकंजा कसता नजर आ रहा है। घटना के करीब डेढ़ महीने बाद बिहार पुलिस की विशेष कार्य बल (एसटीएफ) के जवान अक्षय कुमार को गिरफ्तार कर लिया गया है। पुलिस के अनुसार आरोपी जवान घटना के बाद से फरार चल रहा था। उसे पुलिस और एसटीएफ की संयुक्त टीम ने तकनीकी अनुसंधान के आधार पर गिरफ्तार किया है। गिरफ्तारी के बाद इस मामले की जांच ने नया मोड़ ले लिया है और आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है।

जानकारी के अनुसार  बिलौटी गांव में 17 जुलाई 2026 को भरत तिवारी का कथित एनकाउंटर हुआ था। इस घटना के बाद से ही पूरे मामले को लेकर कई तरह के सवाल उठते रहे।भरत तिवारी के परिजनों ने आरोप लगाया था कि उसने आत्मसमर्पण कर दिया था। इसके बावजूद उसे गोली मारी गई। परिजनों का दावा था कि भरत तिवारी के हाथ ऊपर थे और वह पुलिस के सामने सरेंडर कर चुका था। इसके बावजूद उस पर फायरिंग की गई। इस घटना के वीडियो और तस्वीरें सोशल मीडिया पर भी तेजी से वायरल हुई थीं। जिसके बाद कथित एनकाउंटर की निष्पक्ष जांच की मांग लगातार उठती रही।

जांच के दौरान सामने आए तथ्यों के आधार पर एसटीएफ जवान अक्षय कुमार पर आरोप लगाया गया है कि आत्मसमर्पण कर चुके भरत तिवारी पर पहली गोली उसी ने चलाई थी। इसी आरोप के आधार पर उसके खिलाफ कार्रवाई की गई और उसे गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस का कहना है कि मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई होगी।

इस मामले को लेकर शनिवार को पटना एयरपोर्ट पर बिहार के पुलिस महानिदेशक विनय कुमार ने भी अपनी प्रतिक्रिया दी। विनय कुमार उन्होंने कहा कि इस मामले में गिरफ्तारी हो चुकी है और कानूनी प्रक्रिया के तहत कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने कहा कि अनुसंधान के दौरान जो भी साक्ष्य और तथ्य सामने आए हैं। उसी के आधार पर कार्रवाई की गई है।उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि मामले की पुलिस जांच अभी जारी है और इसके साथ-साथ न्यायिक जांच भी चल रही है।

भरत तिवारी के कथित एनकाउंटर को लेकर शुरू से ही कई सवाल उठ रहे थे। सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो और विभिन्न पक्षों की मांग के बाद यह मामला लगातार चर्चा में बना हुआ है। अब एसटीएफ जवान की गिरफ्तारी के बाद जांच एजेंसियां पूरे घटनाक्रम की कड़ियों को जोड़ने में जुटी हैं। पुलिस का कहना है कि जांच पूरी तरह निष्पक्ष तरीके से की जा रही है और दोषी पाए जाने वाले किसी भी व्यक्ति के खिलाफ कानून के अनुसार कार्रवाई की जाएगी। वहीं न्यायिक जांच की रिपोर्ट आने के बाद मामले में आगे और महत्वपूर्ण कदम उठाए जा सकते हैं।

पटना से राजन की रिपोर्ट