गोपालगंज: बिहार के गोपालगंज जिले के कटेया थाना क्षेत्र अंतर्गत जमुनाहा बाजार में स्वर्ण व्यवसायी से हुई सनसनीखेज लूटकांड का पुलिस ने सफल उद्भेदन कर लिया है। इस मामले में पुलिस ने ओडिशा के कुख्यात 'केला गैंग' के एक मुख्य अपराधी को गिरफ्तार करने में बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने उसकी निशानदेही पर लूटे गए आभूषण, घटना में प्रयुक्त मोटरसाइकिल और नकद रुपये भी बरामद कर लिए हैं।
क्या है मामला....
बीती 19 सितंबर 2026 की शाम लगभग 06:30 बजे, जमुनाहा बाजार के समीप अपनी दुकान बंद कर घर लौट रहे एक स्वर्ण व्यवसायी को तीन मोटरसाइकिलों पर सवार छह अपराधियों ने घेर लिया। अपराधियों ने उनके पास मौजूद सोने-चाँदी के आभूषण और दुकान की चाबियाँ लूट लीं। विरोध करने पर अपराधियों ने व्यवसायी के साथ मारपीट की और दहशत फैलाने के लिए ताबड़तोड़ गोलीबारी भी की। इस संबंध में कटेया थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई थी।
एसपी विनय तिवारी के नेतृत्व में हुआ खुलासा..
घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक विनय तिवारी ने तत्काल कार्रवाई करते हुए हथुआ के अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी राजेश कुमार और कटेया थानाध्यक्ष अवधेश कुमार के नेतृत्व में एक विशेष डीआईयू टीम का गठन किया था.
वैज्ञानिक और तकनीकी अनुसंधान का पुलिस ने लिया सहारा..
घटना के तुरंत बाद फोरेंसिक टीम ने घटनास्थल से महत्वपूर्ण साक्ष्य जुटाए। पुलिस ने खंगाले गए सीसीटीवी फुटेज से यह पता लगाया कि अपराधियों ने घटना से एक दिन पहले ही जमुनाहा बाजार की रेकी की थी।
छूटी हुई मोटरसाइकिल बनी राज की कुंजी:
भागने के दौरान अपराधियों की एक पल्सर मोटरसाइकिल घटनास्थल पर ही छूट गई थी। जांच में खुलासा हुआ कि यह मोटरसाइकिल ओडिशा के क्योंझर जिले से 02 अगस्त 2026 को चोरी हुई थी। इसी अहम सुराग के आधार पर गोपालगंज पुलिस ने ओडिशा पुलिस से समन्वय स्थापित किया।
ओडिशा तक पहुँची पुलिस, मुख्य आरोपी गिरफ्तार..
पुलिस निरीक्षक ओम प्रकाश के नेतृत्व में एक विशेष टीम को ओडिशा भेजा गया। तकनीकी साक्ष्यों और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर इस लूटकांड में ओडिशा के जाजपुर जिले के पाँच अपराधियों की संलिप्तता सामने आई, जो वहाँ के कुख्यात 'केला गैंग' से ताल्लुक रखते हैं।
पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी जाजपुर जिले क़े जखरपुरा थाने क़े रबाना दसमनिया गांव निवासी पतराजू प्रधान क़े पुत्र नरेश प्रधान को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार अभियुक्त की निशानदेही पर मुजफ्फरपुर जिले के अहियापुर थाना क्षेत्र स्थित विजयछापर गाँव में छापेमारी की गई। वहाँ एक किराए के मकान से पुलिस ने सोने के आभूषण: 1 चेन.3 पायल 18,500 रुपये बरामद किए।
'केला गैंग' का आपराधिक पैटर्न..
पुलिस पूछताछ में एक हैरान करने वाला खुलासा हुआ है कि यह गिरोह देश के विभिन्न राज्यों में घूम-घूमकर संगठित रूप से अपराध को अंजाम देता है। ये अपराधी ओडिशा से ट्रेन या मोटरसाइकिल के जरिए बिहार पहुँचते हैं और किसी जिले में किराए का कमरा लेकर ठहरते हैं। ये विशेष रूप से स्वर्ण व्यवसायियों को दुकान खोलने या बंद करने के समय निशाना बनाते हैं।
पूछताछ में यह भी सामने आया कि इसी गिरोह ने फरवरी माह के दौरान भी जमुनाहा बाजार में एक अन्य स्वर्ण व्यवसायी की मोटरसाइकिल की डिक्की से आभूषण लूटने की घटना को अंजाम दिया था। बरहाल पुलिस अन्य फरार अपराधियों की तलाश कर रही है
गोपालगंज से कुमार प्रदीप की रिपोर्ट