गोपालगंज: नेपाल में लगातार हो रही भारी बारिश के बाद गंडक नदी के जलस्तर में वृद्धि से गोपालगंज जिले के कई इलाकों में बाढ़ का खतरा मंडराने लगा है। जिले में करीब 10,000 आबादी बाढ़ से प्रभावित हुई है। इस बीच, स्थानीय भाजपा विधायक और बिहार सरकार में शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने मंगलवार को अपने विधानसभा क्षेत्र बैकुंठपुर के बाढ़ प्रभावित इलाकों का दौरा किया।
शिक्षा मंत्री ने अपने पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के तहत प्यारेपुर, मुजा, बहरामपुर, पकहाँ, टंडसपुर (डुमरिया), बनजरिया (अमरपुरा), परसौनी और सरफरा बाजार बांध तक पहुंचकर बाढ़ की स्थिति का बारीकी से निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान जिला प्रशासन के आला अधिकारी और पुलिस बल के जवान भी उनके साथ मौजूद रहे।
निचले इलाकों से सुरक्षित स्थान पर जाने की अपील
बाढ़ की गंभीर स्थिति को देखते हुए मंत्री मिथिलेश तिवारी ने निचले इलाकों और दियारा क्षेत्र में फंसे लोगों से तुरंत ऊंचे और सुरक्षित स्थानों पर शरण लेने की अपील की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि तटबंधों की सुरक्षा में कोई कोताही न बरती जाए और प्रभावित परिवारों को किसी भी तरह की परेशानी न हो।
सामुदायिक रसोई का लिया जायजा
दौरे के क्रम में उन्होंने प्रशासन द्वारा संचालित की जा रही सामुदायिक रसोई (कम्युनिटी किचन) का भी जायजा लिया। उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिया कि बाढ़ पीड़ितों के लिए भोजन, शुद्ध पेयजल, बच्चों के लिए दूध और दवाओं की पर्याप्त व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
मुख्यमंत्री ने किया हवाई सर्वेक्षण
गौरतलब है कि बीते दिनों बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने भी मोतिहारी और गोपालगंज के बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का हवाई सर्वेक्षण कर स्थिति का जायजा लिया था।
फिलहाल, बैकुंठपुर हो या मांझा, बरौली अथवा गोपालगंज सदर प्रखंड—प्रशासन सभी संवेदनशील इलाकों और तटबंधों पर पैनी नजर बनाए हुए है। राहत एवं बचाव कार्य तेजी से चलाए जा रहे हैं।
गोपालगंज से कुमार प्रदीप की रिपोर्ट