फुलवरिया/गोपालगंज: बथुआ बाजार में पिछले 10 दिनों से आतंक का पर्याय बने एक पागल बंदर को वन विभाग की टीम ने कड़ी मशक्कत के बाद आखिरकार पिंजरे में कैद कर लिया। इस बंदर के रेस्क्यू होने के बाद स्थानीय दुकानदारों और राहगीरों ने बड़ी राहत की सांस ली है।
दर्जनों लोगों को बना चुका था शिकार
स्थानीय निवासियों और व्यवसायियों के अनुसार, यह पागल बंदर पिछले कई दिनों से इलाके में आतंक मचाए हुए था। वह अब तक बाजार के दर्जनों लोगों पर हमला कर उन्हें घायल कर चुका था। स्थिति इतनी भयावह थी कि यह बंदर बाजार में घुसते ही लोगों को निशाना बनाता था, यहाँ तक कि चलती बाइक पर अचानक छलांग लगाकर हमला कर देता था। इस कारण बाजार आने वाले ग्राहकों और दुकानदारों में हमेशा दहशत का माहौल बना रहता था।
वन विभाग की कार्रवाई और लोगों की भीड़
लगातार मिल रही शिकायतों के बाद हरकत में आई वन विभाग की टीम बथुआ बाजार पहुँची. टीम को इस खतरनाक बंदर को पकड़ने के लिए घंटों कड़ी मशक्कत करनी पड़ी. रेस्क्यू ऑपरेशन के दौरान मौके पर स्थानीय लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई थी. आखिरकार, वन विभाग के कर्मियों ने सूझबूझ दिखाते हुए बंदर को पिंजरे में कैद कर लिया और सुरक्षित अपने साथ ले गए।
व्यवसायियों में खुशी की लहर
बंदर के पकड़े जाने पर सूरज गुप्ता, रंजीत गुप्ता, संदीप गुप्ता, गौतम गुप्ता सहित बाजार के अन्य सभी व्यवसायियों ने खुशी जताई है. उन्होंने कहा कि भले ही वन विभाग की टीम थोड़ी देर से पहुँची, लेकिन उन्होंने एक बड़ा संकट टाल दिया. अब बंदर के रेस्क्यू होने के बाद व्यापारी बिना किसी डर के अपना कारोबार कर पा रहे हैं।
फुलवरिया-गोपालगंज से संदीप कुमार की रिपोर्ट