महिला डॉक्टर पर एसिड अटैक! तीन महीने से कर रहा था पीछा, चोरी-छिपे खींचता था तस्वीरें, आरोपी गिरफ्तार

बिहार के बेगूसराय जिले में महिला डॉक्टर पर एसिड से हमला किए जाने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। घटना नगर थाना क्षेत्र के हर्रख मोहल्ले की बताई जा रही है। इस मामले में पुलिस ने समस्तीपुर जिले के निवासी गौतम झा को गिरफ्तार किया है।

बेगूसराय: बिहार के बेगूसराय जिले में महिला डॉक्टर पर एसिड से हमला किए जाने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। घटना नगर थाना क्षेत्र के हर्रख मोहल्ले की बताई जा रही है। पीड़िता की पहचान डॉ. सुनीति कुमारी के रूप में हुई है, जो पोखरिया मोहल्ले में लक्ष्य हॉस्पिटल का संचालन करती हैं। इस मामले में पुलिस ने समस्तीपुर जिले के निवासी गौतम झा को गिरफ्तार किया है। आरोपी पर पिछले करीब तीन महीने से महिला डॉक्टर का पीछा करने और चोरी-छिपे उनकी तस्वीरें खींचने का आरोप है।

घर लौटते समय किया गया हमला

मिली जानकारी के अनुसार, 12 अक्टूबर की रात डॉ. सुनीति कुमारी अपने अस्पताल से घर लौट रही थीं। इसी दौरान हर्रख मोहल्ले में प्रवेश करने के समय पीछे से एसिड की बोतल फेंके जाने की घटना हुई। बोतल जमीन पर गिर गई, लेकिन उसमें मौजूद एसिड महिला डॉक्टर के शरीर पर पड़ गया। घटना में उन्हें मामूली चोट आई। इसके बाद उन्हें सदर अस्पताल ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद छुट्टी दे दी गई।

घटना की सूचना मिलते ही पुलिस सक्रिय हुई और घटनास्थल पर पहुंचकर मामले की छानबीन शुरू की। मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने भी घटनास्थल का जायजा लिया।

तीन महीने से पीछा करने का आरोप

महिला डॉक्टर ने अपने बयान में आरोप लगाया कि पिछले करीब तीन महीने से उनका पीछा किया जा रहा था। यह भी आरोप है कि आरोपी चोरी-छिपे मोबाइल से उनकी तस्वीरें खींचता था। बताया जा रहा है कि आरोपी महिला डॉक्टर के अस्पताल के बगल में दुकान चलाता था। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि आरोपी ने कथित तौर पर ऐसा क्यों किया और एसिड से हमला करने के पीछे उसकी मंशा क्या थी।

आरोपी गिरफ्तार, जांच जारी

सदर डीएसपी-1 प्रशांत कुमार के अनुसार, पुलिस ने नामजद आरोपी गौतम झा को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस घटना से जुड़े सभी पहलुओं की जांच कर रही है। महिला डॉक्टर के पति के साथ लंबे समय से विवाद होने की बात भी सामने आई है, लेकिन इस विवाद का एसिड हमले से कोई संबंध है या नहीं, इसकी पुष्टि अभी नहीं हुई है।

घटना के बाद महिला डॉक्टर की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए पुलिस ने सुरक्षा गार्ड उपलब्ध कराया है। अस्पताल में भी सुरक्षा के लिए महिला पुलिसकर्मियों की तैनाती किए जाने की जानकारी सामने आई है।

बेगूसराय की इस घटना ने महिलाओं की सुरक्षा और पीछा किए जाने जैसी शिकायतों को गंभीरता से लेने की जरूरत को फिर उजागर किया है। अब देखना होगा कि पुलिस जांच में हमले की असली वजह क्या सामने आती है और आरोपी के खिलाफ आगे क्या कानूनी कार्रवाई होती है।

बेगूसराय से अजय कुo शास्त्री की रिपोर्ट