औरंगाबाद : औरंगाबाद के रफीगंज के कासमा थाना क्षेत्र के मियांबिगहा गांव में पारिवारिक कलह ने खौफनाक रूप ले लिया। शुक्रवार की रात एक घर में लगी आग में तीन लोग बुरी तरह झुलस गए। जिसमें बाप और बेटी की घटनास्थल पर ही मौत हो गई जबकि एक बहन गंभीर रूप से घायल हो गई जिसका इलाज हायर सेंटर में चल रहा है।
घटना की सूचना मिलते ही कासमा थाना पुलिस व फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची
घटना की सूचना मिलते ही कासमा थाना पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची। कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। पुलिस ने तीनों झुलसे लोगों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लाया, जहां चिकित्सकों ने हालत नाजुक देखते हुए सदर अस्पताल, औरंगाबाद रेफर कर दिया। वहां प्राथमिक उपचार के बाद सभी को गया स्थित मगध मेडिकल अस्पताल भेजा गया। इलाज के दौरान सलीम और आफरीन ने दम तोड़ दिया।
फरीन और चांदनी करीब पांच-छह वर्षों से अपने फूफा के घर रह रही थीं
बताया जा रहा है कि आफरीन और चांदनी करीब पांच-छह वर्षों से अपने फूफा मोहम्मद सलीम के घर रह रही थीं। ग्रामीणों के अनुसार, इसी बात को लेकर सलीम और उनके बड़े बेटे इश्तेखार के बीच लंबे समय से तनातनी चल रही थी। ग्रामीण शदाब आलम ने आरोप लगाया कि पारिवारिक कलह के चलते इश्तेखार ने ही घर में आग लगा दी।
सलीम अपने साले की दोनों बेटियों को घर में रखे हुए थे
बताया जाता है कि सलीम अपने साले की दोनों बेटियों को घर में रखे हुए थे और इसी को लेकर पिता-पुत्र के बीच विवाद की बात सामने आई है। हालांकि, आग किस परिस्थिति में लगी और इसके पीछे वास्तविक वजह क्या थी, इसकी पुलिस जांच कर रही है। पुलिस घटना की पूरी कड़ी जोड़ने और आरोपों की सत्यता की पड़ताल में जुटी है।
औरंगाबाद से रुपेश कुमार की रिपोर्ट