कब्रिस्तान घेराबंदी पर विधानसभा में हंगामा, सम्राट चौधरी का ऐलान— अब विधायक फंड से होगा काम

बिहार विधानसभा के पाँचवें दिन सदन में जबरदस्त हंगामे का माहौल देखने को मिला। कार्यवाही शुरू होते ही विपक्ष ने कब्रिस्तान की घेराबंदी को लेकर सरकार को घेर लिया।

By : स्वराज पोस्ट | Edited By: Karishma Singh
Updated at : Feb 09, 2026, 11:43:00 AM

बिहार विधानसभा के पाँचवें दिन सदन में जबरदस्त हंगामे का माहौल देखने को मिला। कार्यवाही शुरू होते ही विपक्ष ने कब्रिस्तान की घेराबंदी को लेकर सरकार को घेर लिया। विपक्षी दलों के साथ-साथ एआईएमआईएम के विधायकों ने इस मुद्दे पर जोरदार विरोध दर्ज कराया। उनका कहना था कि कब्रिस्तानों की सुरक्षा और घेराबंदी को लेकर सरकार की नीति स्पष्ट नहीं है।

इस पर जवाब देते हुए गृह मंत्री सह उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने बड़ा बयान दिया। उन्होंने सदन को बताया कि राज्य सरकार अब विधायक निधि से कब्रिस्तान की घेराबंदी कराएगी। इसके लिए सरकार नियमों और प्रावधानों में बदलाव कर रही है, ताकि स्थानीय स्तर पर इस समस्या का समाधान हो सके। एआईएमआईएम विधायक मो. सरवर आलम के सवाल के जवाब में सरकार की ओर से यह जानकारी दी गई, जिसके बाद भी विपक्ष का हंगामा कुछ देर तक जारी रहा।

वहीं, सदन की कार्यवाही के दौरान एक और अहम मुद्दा उठा। जदयू विधायक मंजीत सिंह ने गन्ना किसानों की समस्या को सदन में उठाया। उन्होंने आरोप लगाया कि गन्ना किसानों को समय पर भुगतान नहीं किया जा रहा है, जिससे वे आर्थिक संकट का सामना कर रहे हैं। इस पर संबंधित विभाग के मंत्री ने जवाब देते हुए कहा कि अब तक बड़े पैमाने पर गन्ना किसानों को उनकी राशि का भुगतान किया जा चुका है।

मंत्री ने यह भी भरोसा दिलाया कि सरकार किसानों की परेशानी को लेकर पूरी तरह गंभीर है और शेष बकाया राशि भी जल्द चुकाई जाएगी। उन्होंने कहा कि आने वाले पंद्रह दिनों के भीतर गन्ना किसानों को पूरा भुगतान कर दिया जाएगा। हालांकि, जब इस मुद्दे पर फिर से सवाल उठे तो मुख्यमंत्री ने हस्तक्षेप करते हुए कहा—“बार-बार क्यों पूछ रहे हैं?” इसके बाद सदन में माहौल और गरमा गया।