पटना ; राज्य सरकार द्वारा आज बिहार विधानसभा में पेश किए गए बजट को मात्र कागजी खानापूर्ति बताते हुए राजद प्रवक्ता चित्तरंजन गगन ने कहा कि केवल बजट का आकार बढ़ाया गया है जिसमें संसाधनों के स्रोतों और किए गए घोषणाओं को अमलीजामा पहनाने के ब्लूप्रिंट का कोई स्पष्ट उल्लेख हीं नहीं है।
राजद प्रवक्ता ने कहा कि यह केवल झूठे दावे और वादे को कागजी आंकड़े के द्वारा लोगों के आंखों में धूल झोंकने वाला बजट है। चुनाव के समय महिलाओं को दो लाख रुपए देने का जो वादा किया गया था , वह छल साबित हुआ। आज के बजट में यह साबित हो गया कि वह अनुदान नहीं बल्कि ऋण दिया गया था। इसीलिए उस योजना के नाम पर कोई आवंटन हीं नहीं किया गया है। एक करोड़ नौजवानों को नौकरी और रोजगार देने की बात कही गई है पर बजट में इसका कोई ब्लूप्रिंट नहीं है। कर्पूरी सम्मान योजना के नाम पर 8 रुपया प्रति दिन देकर किसानों का सम्मान किया जा रहा है या किसानों के साथ हीं जननायक कर्पूरी ठाकुर जी का अपमान किया जा रहा है।
राजद प्रवक्ता ने कहा कि केन्द्र सरकार के साथ बिहार सरकार की प्री-बजट मीटिंग में किए गए मांगों को ठुकरा दिए जाने से बिहार सरकार गंभीर आर्थिक संकट में पड़ गया है। इसलिए आज के बजट में जो भी घोषणाएं की गई है वह सब दिखावटी और बनावटी के अलावा कुछ नहीं है।