राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के प्रवक्ता और पार्टी के बड़े चेहरे माने जाने वाले मृत्युंजय तिवारी के इस्तीफे ने बिहार की राजनीति में हलचल मचा दी है। इस्तीफा देने के बाद मृत्युंजय तिवारी ने राजद के प्रधान महाचिव अब्दुल बारी सिद्दीकी से मुलाकात भी की। बताया जा रहा है कि मृत्युंजय तिवारी को खुद राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव ने मिलने के लिए बुलाया है। इस बीच आरजेडी को लेकर सियासी बयानबाजी तेज हो गई है। पार्टी के भीतर बढ़ती नाराजगी और नेताओं के लगातार पाला बदलने की चर्चाओं के बीच जेडीयू के MLC सह मुख्य प्रवक्ता नीरज कुमार और राष्ट्रीय लोक मोर्चा के चीफ उपेंद्र कुशवाहा का बड़ा बयान सामने आया है। साथ हो दोनों नेताओं ने नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव पर तीखा हमला बोला है।
सासाराम पहुंचे राष्ट्रीय लोक मोर्चा के चीफ उपेंद्र कुशवाहा ने कहा कि राष्ट्रीय जनता दल पहले से ही एक ध्वस्त पार्टी है और उनके नेता खुद लापता है। अभी बिहार में एक जगह चुनाव का समय है, लेकिन नेता प्रतिपक्ष गायब हैं। नेता प्रतिपक्ष की अपनी एक जवाबदेही होती है। वह सरकार की कमियां बताते हैं। लेकिन हमारे नेता प्रतिपक्ष को इससे कोई मतलब नहीं है। अब वह विदेश में है या फिर कहां है? इसकी जानकारी बिहार की जनता को नहीं है। उपेंद्र कुशवाहा ने कहा-नेता प्रतिपक्ष होने पर जनता के प्रति भी एक जवाबदेही है। लेकिन वह हमेशा गायब रहते हैं। ऐसे में उनका कोई अता पता नहीं है। जनता के दुख दर्द से उन्हें कोई मतलब नहीं है। यही कारण है कि राष्ट्रीय जनता दल में भगदड़ की स्थिति है।
वहीं मृत्युंजय तिवारी के इस्तीफे पर जेडीयू के MLC सह मुख्य प्रवक्ता नीरज कुमार ने तेजस्वी यादव पर तंज कसते हुए कहा कि पहले यह बताया जाए कि “तेजस्वी जी आखिर हैं कहां? उन्होंने कहा कि इस समय बिहार में विधानसभा का उपचुनाव होना है, विधानसभा का सत्र है, पार्टी के वरिष्ठ नेता मृत्युंजय तिवारी ने इस्तीफा दे दिया है और आरजेडी अध्यक्ष लालू प्रसाद यादव भी अस्वस्थ हैं। इसके बावजूद तेजस्वी यादव देश से बाहर हैं।
नीरज कुमार ने व्यंग्य करते हुए कहा कि कहीं ऐसा तो नहीं कि वह किसी बड़े अंतरराष्ट्रीय उद्देश्य में लगे हों। आरजेडी के भीतर नेताओं की नाराजगी पर भी उन्होंने दावा किया कि पार्टी के कई नेता अब खुलकर अपनी नाराजगी जाहिर कर रहे हैं और कुछ नेता सत्ता पक्ष के नेताओं से मुलाकात भी कर रहे हैं।
बता दें कि मिली खबर के अनुसार मृत्युंजय तिवारी को खुद राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव ने मिलने के लिए बुलाया है। बताया यह भी जा रहा है कि मृत्युंजय तिवारी को लालू प्रसाद यादव ने फोन किया और उसके बाद उन्हें मिलने के लिए बुलाया है। मिली जानकारी के अनुसार मृत्युंजय तिवारी के इस्तीफा देने के बाद पार्टी की तरफ से उनके इस्तीफे को स्वीकार नहीं किया गया है। इस्तीफा देने के बाद मृत्युंजय तिवारी ने राजद के प्रधान महाचिव अब्दुल बारी सिद्दीकी से मुलाकात भी की। इस मुलाकात के बाद सिद्दीकी ने मृत्युंजय तिवारी को पार्टी का निष्ठावान कार्यकर्ता भी बताया। बताया जा रहा है कि सिद्दीकी ने ही तिवारी को लालू प्रसाद यादव से मिलने की सलाह दी।
बतातें चलें कि गुरुवार की दे शाम राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के प्रमुख प्रवक्ता और पार्टी के बड़े चेहरे माने जाने वाले मृत्युंजय तिवारी ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया। उन्होंने सम्मान नहीं मिलने और अपनी शिकायतों पर ध्यान नहीं दिए जाने का आरोप लगाया है। मृत्युंजय तिवारी लंबे समय तक मीडिया में पार्टी का पक्ष रखने वाले प्रमुख चेहरों में शामिल रहे हैं। मृत्युंजय तिवारी पिछले कुछ समय से संगठन में अपनी भूमिका को लेकर असंतुष्ट थे। उन्हें लगता था कि पार्टी में उनके अनुभव और योगदान के अनुरूप सम्मान नहीं मिल रहा है।