राज्यसभा चुनाव में भाजपा ने की विधायकों की खरीद-फरोख्त : मुकेश सहनी ‎

विकासशील इंसान पार्टी के संस्थापक और बिहार के पूर्व मंत्री मुकेश सहनी ने आज राज्यसभा चुनाव में महागठबंधन के चार विधायकों के वोट देने से रोके जाने को लेकर भाजपा को आड़े हाथों लिया है।

By : स्वराज पोस्ट | Edited By: Karishma Singh
Updated at : Mar 16, 2026, 7:33:00 PM

पटना: विकासशील इंसान पार्टी के संस्थापक और बिहार के पूर्व मंत्री मुकेश सहनी ने आज राज्यसभा चुनाव में महागठबंधन के चार विधायकों के वोट देने से रोके जाने को लेकर भाजपा को आड़े हाथों लिया है। उन्होंने कहा कि इस चुनाव में महागठबंधन के पास आवश्यक 41 से ज्यादा वोट थे, लेकिन भाजपा ने पैसे और सत्ता के बल पर महागठबंधन के चार विधायकों को वोट देने से रोक दिया।  

‎उन्होंने पटना में पत्रकारों से बातचीत करते हुए कहा कि भाजपा को न लोकतंत्र पर भरोसा है, न वह संविधान को मानती है। उसका मकसद येन केन प्रकारेण सत्ता में बने रहना है। उन्होंने कहा कि पिछले साल हुए बिहार विधानसभा चुनाव में भी पैसे के बल पर वोट लिया गया और एक बार फिर राज्यसभा चुनाव में अर्थतंत्र के बल पर विधायकों की खरीद की गई।  

‎उन्होंने कहा कि जिस तरह से इस चुनाव में एनडीए द्वारा पांच उम्मीदवारों को उतारा गया था, उसी समय यह आशंका बन गई थी कि भाजपा पैसे और सत्ता तंत्र के बल पर विधायकों की खरीद-फरोख्त करेगी और आज इसका प्रमाण पूरे देश को मिल गया।  

‎वीआईपी के संस्थापक मुकेश सहनी ने कहा, "भाजपा के नेता और एनडीए के राज्यसभा उम्मीदवार इस लोकतांत्रिक चुनाव को जीतने के लिए खरीद-फरोख्त कर रहे हैं, जो एक अपराध है।”  

‎उन्होंने कहा कि भाजपा पहले भी हमारी पार्टी के चार विधायकों को खरीद चुकी थी। उन्होंने जनप्रतिनिधियों को भी नसीहत देते हुए कहा कि जनप्रतिनिधियों को जनता ने विश्वास के साथ चुना था, लेकिन अब वही लोग पैसे के लिए अपने सिद्धांत और चरित्र से समझौता कर रहे हैं, जिसे किसी भी परिस्थिति में सही नहीं ठहराया जा सकता है।