बिहार विधानसभा चुनाव में शून्य सीटों पर सिमटी जनसुराज पार्टी के सूत्रधार प्रशांत किशोर एक बार फिर राज्य की यात्रा पर निकलने जा रहे हैं। लेकिन उनकी इस नई पहल से पहले ही सियासी बयानबाज़ी तेज हो गई है। सत्ताधारी जनता दल यूनाइटेड ने प्रशांत किशोर पर तंज कसते हुए साफ कहा है कि वे कभी भी मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का विकल्प नहीं बन सकते।
जदयू के राष्ट्रीय प्रवक्ता राजीव रंजन ने प्रशांत किशोर की यात्रा को लेकर कहा कि बिहार में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने विकास की इतनी लंबी लकीर खींच दी है कि उसे पार करना किसी के बस की बात नहीं। उन्होंने कहा कि प्रशांत किशोर के पास भले ही समय और संसाधन हों, लेकिन चुनाव के दौरान जितना शोर उन्होंने मचाया, उसका नतीजा शून्य सीटों के रूप में सामने आया।
राजीव रंजन ने आगे कहा कि प्रशांत किशोर आगे भी इसी तरह कोशिश करते रहेंगे, लेकिन बिहार की जनता ने साफ संदेश दे दिया है। उन्होंने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को जनता के सुख-दुख से जुड़ा नेता बताते हुए कहा कि नीतीश कुमार ने राज्य को ‘विकसित बिहार’ की दिशा में आगे बढ़ाया है।
इस दौरान जदयू प्रवक्ता ने नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि लालू प्रसाद यादव का नाम कई घोटालों से जुड़ा रहा है। अगर नेता बनने की कसौटी घोटालेबाज होना है, तो लालू यादव बड़े नेता माने जा सकते हैं, लेकिन जनता की समस्याओं को समझने वाला नेता नीतीश कुमार हैं।
राजीव रंजन ने कहा कि जब पिछली बार राजद सबसे बड़ी पार्टी बनी थी, तब तेजस्वी यादव के पास विनम्रता दिखाने और संगठन को मजबूत करने का मौका था, लेकिन वे इसमें असफल रहे। आज उनकी पार्टी महज 25 सीटों तक सिमट गई है। उन्होंने दावा किया कि राजद में अंदरूनी कलह, उदासीनता और पारिवारिक विवाद गहरे हैं, जिससे तेजस्वी यादव के लिए आगे की राह आसान नहीं दिखती।
बिहार की राजनीति में एक बार फिर यात्रा, बयान और आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज होता नजर आ रहा