'समधिनिया के बाद अब तोहरो पर हमला होगा' जीतन राम मांझी को खुलेआम धमकी देने वाले युवक की पहचान, छापेमारी शुरु

जीतन राम मांझी को खुलेआम धमकी देने वाले युवक की पहचान हो गई है। वीडियो वायरल होने के बाद एसएसपी सुशील कुमार के निर्देश पर साइबर थाने में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। पुलिस अब आरोपित की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी कर रही है।

By : स्वराज पोस्ट | Edited By: Amit Kumar
Updated at : May 21, 2026, 12:05:00 PM

केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी की समधन और गया जिले के बाराचट्टी विधायक ज्योति मांझी पर कथित हमले का मामला अब गरमाता जा रहा है। सोशल मीडिया पर वायरल हुए एक वीडियो ने पूरे मामले को और गरमा दिया है।  वायरल वीडियो में एक युवक खुलेआम धमकी भरे शब्दों का इस्तेमाल करते हुए केंद्रीय मंत्री और पुलिस प्रशासन को चुनौती देता दिखाई दे रहा है। वीडियो वायरल होने के बाद एसएसपी सुशील कुमार के निर्देश पर साइबर थाने में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। पुलिस अब आरोपित की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी कर रही है।

धमकी देने का वीडियो वायरल होने के बाद गया पुलिस ने बड़ी कार्रवाई शुरू कर दी है। साइबर थाने में केस दर्ज कर आरोपित युवक की पहचान कर ली गई है और उसकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। पुलिस जांच में धमकी देने वाले युवक की पहचान राजेश राव उर्फ सरदार के रूप में हुई है। देर रात तक चली तकनीकी जांच के दौरान उसका फेसबुक प्रोफाइल भी ट्रेस कर लिया गया।

बुधवार शाम वायरल हुए वीडियो में युवक पूर्व सीएम जीतन राम मांझी  के खिलाफ अभद्र भाषा और गाली-गलौज करते हुए नजर आ रहा है। सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहे वीडियो में युवक आपत्तिजनक भाषा का प्रयोग करते हुए यह कहते सुनाई दे रहा है कि अभी तो समधन पर हमला हुआ है, अब तुम पर भी हमला होगा। वीडियो में युवक ने केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी पर व्यक्तिगत टिप्पणी भी की है। इतना ही नहीं, युवक ने मोहनपुर थाना में तैनात यादव समुदाय के पुलिस पदाधिकारियों का पक्ष लेते हुए चेतावनी दी कि यदि किसी यादव दरोगा पर कार्रवाई हुई, तो पूरा यादव समाज उनके समर्थन में खड़ा होगा। 

बता दें कि रविवार को बाराचट्टी विधायक ज्योति मांझी क्षेत्र भ्रमण पर निकली थीं। इसी दौरान रास्ते में साइड देने को लेकर विवाद हो गया था।  आरोप है कि वाहन में सवार लोगों ने विधायक के साथ अभद्र व्यवहार किया और उनके सुरक्षाकर्मियों के साथ धक्का-मुक्की की थी।  विधायक की शिकायत के बाद मोहनपुर थाना में मामला दर्ज किया गया था।  एसएसपी के निर्देश पर पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए 48 घंटे के भीतर नौ आरोपितों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया।  वहीं घटना के बाद केंद्रीय मंत्री जीतनराम मांझी ने कड़ी प्रतिक्रिया देते हुए कहा था कि यदि मोहनपुर थानेदार पर आठ दिनों के भीतर कार्रवाई नहीं हुई तो वे डीएम और एसएसपी कार्यालय के समक्ष धरना देंगे।