CM नीतीश ने अपने मंत्रियों को सौंपा जिलों का प्रभार, किस मंत्री को मिला किस जिले का जिम्मा, देखिए

सीएम नीतीश कुमार ने सभी जिलों के प्रभारी मंत्रियों को नियुक्त कर दिया है. डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी को पटना का जिम्मा मिला है

By : स्वराज पोस्ट | Edited By: Karishma Singh
Updated at : Jan 18, 2026, 7:29:00 PM

बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने राज्य प्रशासन को और अधिक सशक्त और जवाबदेह बनाने की दिशा में बड़ा फैसला लिया है। मुख्यमंत्री ने राज्य के सभी 25 मंत्रियों को जिलों की जिम्मेदारी सौंप दी है। इसके तहत मंत्रियों को जिला कार्यक्रम कार्यान्वयन समिति का अध्यक्ष सह प्रभारी मंत्री बनाया गया है, ताकि योजनाओं के क्रियान्वयन पर सीधी निगरानी रखी जा सके।

सम्राट चौधरी को पटना, विजय कुमार सिन्हा को मुजफ्फरपुर और भोजपुर, विजय कुमार चौधरी को पूर्वी चंपारण और नालंदा, विजेंद्र प्रसाद यादव को वैशाली और सारण, श्रवण कुमार को समस्तीपुर और पूर्णिया, मंगल पांडे को दरभंगा और पश्चिम चंपारण, दिलीप कुमार जायसवाल को भागलपुर और गया, अशोक चौधरी को सीतामढ़ी, शिवहर और जहानाबाद, लेसी सिंह को मधुबनी और मधेपुरा, मदन सहनी को सुपौल और खगड़िया का जिम्मा मिला है.

रामकृपाल यादव को कैमूर और औरंगाबाद, संतोष कुमार सुमन को औरंगाबादा, सुनील कुमार को रोहतास और लखीसराय, मोहम्मद जमा खान को किशनगंज और शेखपुरा, संजय सिंह टाइगर को बांका, अरुण शंकर प्रसाद को बेगूसराय, सुरेंद्र मेहता को कटिहार, नारायण प्रसाद को गोपालगंज और रमा निषाद को बक्सर का प्रभारी बनाया गया है.

वहीं, लखनेंद्र कुमार रोशन को अररिया, श्रेयसी सिंह को नवादा, प्रमोद कुमार को सहरसा और सिवान, संजय कुमार को मुंगेर, संजय कुमार सिंह को जमुई और दीपक प्रकाश को अरवल जिले का प्रभारी बनाया गया है.

कैबिनेट विभाग की ओर से इस संबंध में आधिकारिक अधिसूचना भी जारी कर दी गई है। अधिसूचना के अनुसार सभी मंत्रियों को अलग-अलग जिलों की जिम्मेदारी दी गई है और उन्हें विकास योजनाओं, सरकारी कार्यक्रमों और जनकल्याणकारी योजनाओं की प्रगति की समीक्षा करनी होगी।

सरकार का मानना है कि इस व्यवस्था से जिला स्तर पर योजनाओं के क्रियान्वयन में तेजी आएगी, अधिकारियों की जवाबदेही तय होगी और आम जनता को सरकारी योजनाओं का सीधा लाभ मिलेगा। यह फैसला आगामी समय में प्रशासनिक दक्षता बढ़ाने में अहम भूमिका निभा सकता है।