5 साल में 50 लाख करोड़ का निवेश होगा: 1 करोड़ नौकरी-रोजगार देगी सरकार, नीतीश कुमार ने सात निश्चय-3 का किया ऐलान

नीतीश कैबिनेट की बैठक में 5 साल में 50 लाख करोड़ निवेश करने का फैसला लिया गया है। इसके साथ ही 1 करोड़ नौकरी-रोजगार के रोडमैप पर भी चर्चा हुई। इसके साथ ही सात निश्चय योजना 3.0 को मंजूरी मिली है।

By : स्वराज पोस्ट | Edited By: Karishma Singh
Updated at : Dec 16, 2025, 1:52:00 PM

नीतीश कैबिनेट की बैठक में 5 साल में 50 लाख करोड़ निवेश करने का फैसला लिया गया है। इसके साथ ही 1 करोड़ नौकरी-रोजगार के रोडमैप पर भी चर्चा हुई। इसके साथ ही सात निश्चय योजना 3.0 को मंजूरी मिली है।

CM नीतीश कुमार ने X पर लिखा- 24 नवंबर 2005 को जब से हम लोगों की सरकार बनी, तब से राज्य में कानून का राज है।

लगातार 20 सालों से सभी क्षेत्रों और सभी वर्गों के विकास के लिए काम किया गया है। मुझे यह बताते हुए खुशी हो रही है कि राज्य में अब सात निश्चय-3 कार्यक्रमों को लागू करने का निर्णय लिया गया है।

1. दोगुना रोजगार- दोगुनी आय

सात निश्चय-3 का पहला निश्चय 'दोगुना रोजगार- दोगुनी आय' रखा गया है। इसका मकसद राज्य की प्रति व्यक्ति औसत आय को दोगुना करना है। इसके लिए कई कार्यक्रमों और योजनाओं को लागू किया गया है।

मुख्यमंत्री महिला रोजगार योजना के तहत राज्य की महिलाओं को स्वरोजगार के लिए 10 हजार रुपए दे रहे हैं। इस योजना के लाभुकों को अपना रोजगार आगे बढ़ाने के लिए 2 लाख रूपए तक की मदद की जा रही है।

बिहार के उत्पादों की ब्रिक्री के लिए हाट-बाजारों को विकसित किया जाएगा। अगले पांच सालों में 1 करोड़ युवाओं के लिए नौकरी और रोजगार के अवसर पैदा करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इसके लिए वर्तमान में अलग से युवा, रोजगार एवं कौशल विकास विभाग का गठन किया जा चुका है।

2. समृद्ध उद्योग-सशक्त बिहार

सात निश्चय-3 का दूसरा निश्चय 'समृद्ध उद्योग- सशक्त बिहार' है। इसके तहत बिहार में तेजी के उद्योगों के विकास के लिए मुख्य सचिव की अध्यक्षता में तीन उच्चस्तरीय समितियों का गठन किया जा चुका है।

इन समितियों के गठन का मुख्य उद्देश्य है- बिहार को पूर्वी भारत का नया प्रौद्योगिकी केंद्र (Tech Hub) बनाना, बिहार को विश्वस्तरीय कार्य स्थल (Work Place) के रूप में विकसित करना और राज्य के प्रतिष्ठित उद्यमियों तथा प्रतिभाशाली युवाओं को राज्य के अंदर उद्योग लगाने के लिए प्रोत्साहित करना है।

राज्य के सभी जिलों में उद्योग लगाने के लिए औद्योगिक क्षेत्र विकसित किया जा रहा है। हमलोगों ने अगले 5 वर्षों में राज्य में कम से कम 50 लाख करोड़ का निजी निवेश सुनिश्चित करने का लक्ष्य निर्धारित किया है।

वर्तमान नई सरकार बनने के बाद राज्य में उद्योग विभाग के अंतर्गत छोटे उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए नए सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योग निदेशालय का गठन किया गया है।

राज्य के स्थानीय उत्पादों के निर्यात एवं बाजार विकास के लिए एक नए बिहार विपणन प्रोत्साहन निगम की स्थापना की गई है। हमलोगों ने निर्णय लिया है कि बंद पड़ी 9 चीनी मिलों को चरणबद्ध रूप से चालू किया जाएगा तथा 25 नई चीनी मिलों की स्थापना भी की जाएगी।

3. कृषि में प्रगति-प्रदेश की समृद्धि

सात निश्चय-3 का तीसरा निश्चय 'कृषि में प्रगति- प्रदेश की समृद्धि' है। इसके तहत किसानों की आय बढ़ाने के लिए वर्ष 2024 से 2029 के लिए गठित चौथे कृषि रोड मैप के काम में और तेजी लाई जाएगी।

साथ ही मखाना रोड मैप बनाकर मखाना के उत्पादन एवं प्रसंस्करण को बढ़ावा दिया जाएगा। डेयरी एवं मत्स्य पालन पर विशेष जोर दिया जाएगा। राज्य के सभी गावों में दुग्ध उत्पादन समितियों का गठन और प्रत्येक पंचायत में 'सुधा' बिक्री केंद्र की स्थापना की जाएगी। साथ ही हर खेत तक सिंचाई का पानी पहुंचाने के काम को और आगे बढ़ाया जाएगा।

4. उन्नत शिक्षा-उज्ज्वल भविष्य

सात निश्चय-3 का चौथा निश्चय 'उन्नत शिक्षा-उज्ज्वल भविष्य' है। इसके तहत राज्य में अलग उच्च शिक्षा विभाग का गठन कर दिया गया है। अब राज्य के पुराने प्रतिष्ठित शिक्षण संस्थानों को सेंटर ऑफ एक्सीलेंस के रूप में विकसित किया जाएगा तथा राज्य में नई एजुकेशन सिटी का निर्माण भी किया जाएगा।

5. सुलभ स्वास्थ्य-सुरक्षित जीवन

सात निश्चय-3 का पांचवां निश्चय 'सुलभ स्वास्थ्य-सुरक्षित जीवन' है। इसके तहत प्रखंड सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों को विशिष्ट चिकित्सा केंद्र (Speciality Hospital) के रूप में तथा जिला अस्पतालों को अति विशिष्ट चिकित्सा केंद्र (Super Speciality Hospital) के रूप में विकसित किया जाएगा।

राज्य के नए मेडिकल कॉलेजों एवं अस्पतालों में बेहतर पढ़ाई एवं इलाज के लिए लोक-निजी भागीदारी को प्रोत्साहित किया जाएगा। दूरस्थ ग्रामीण क्षेत्रों में बेहतर चिकित्सा सुविधा सुनिश्चित करने के लिए चिकित्सकों को अलग से प्रोत्साहन की व्यवस्था एवं सरकारी चिकित्सकों की निजी प्रैक्टिस पर रोक लगाने की नीति लाई जाएगी।

6. मजबूत आधार-आधुनिक विस्तार

सात निश्चय-3 का छठा निश्चय 'मजबूत आधार-आधुनिक विस्तार' है। इसके तहत राज्य में शहरी क्षेत्रों का विस्तार एवं नागरिक सुविधाओं का सुदृढ़ीकरण किया जाएगा। साथ ही, नए आधुनिक नियोजित शहरों का विकास किया जाएगा तथा शहरी गरीबों के लिए सस्ते आवास की व्यवस्था की जाएगी।

5 नई एक्सप्रेस-वे सड़कों का निर्माण और ग्रामीण सड़कों का 2 लेन चौड़ीकरण कराया जाएगा। सभी इच्छुक लोगों के घरों की छतों पर सोलर पैनल लगाकर सौर ऊर्जा के उपयोग को बढ़ावा दिया जाएगा।

साथ ही राज्य के पर्यटन स्थलों को विकसित कर राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय स्तर के पर्यटन स्थलों के रूप में स्थापित किया जाएगा। पर्यटन स्थलों को जोड़ने वाले सर्किट में सभी प्रकार की पर्यटकीय सुविधाओं का विकास किया जाएगा।

इसके अतिरिक्त राज्य में महत्वपूर्ण स्थलों पर हिंदी और क्षेत्रीय भाषाओं में फिल्मों की शूटिंग के लिए फिल्म सिटी का निर्माण तथा फिल्म व्यवसाय को प्रोत्साहित किया जाएगा।

7. सबका सम्मान-जीवन आसान

सात निश्चय-3 का सातवां तथा अंतिम निश्चय 'सबका सम्मान-जीवन आसान' (Ease of Living) है। इसके तहत राज्य में आधुनिक तकनीक, नवाचार एवं संवेदनशील सुशासन के माध्यम से राज्य के सभी नागरिकों के जीवन को आसान बनाने हेतु कार्य किया जाएगा।

मुझे पूरा भरोसा है कि सात निश्चय-3 के कार्यक्रमों के क्रियान्वयन से विकसित बिहार के संकल्प को पूरा करने में मदद मिलेगी तथा बिहार सर्वाधिक विकसित राज्यों की श्रेणी में शामिल हो जाएगा।