WhatsApp पर आया खतरनाक वायरस! I4C ने जारी किया अलर्ट

WhatsApp पर आया खतरनाक वायरस! I4C ने जारी किया अलर्ट

By : स्वराज पोस्ट | Edited By: Urvashi
Updated at : Jul 21, 2026, 11:15:00 AM

देशभर में साइबर ठगी के मामले लगातार बढ़ रहे हैं और अपराधी लोगों को जाल में फंसाने के लिए नए-नए हथकंडे अपना रहे हैं। इसी कड़ी में इंडियन साइबर क्राइम कोऑर्डिनेशन सेंटर (I4C) ने WhatsApp उपयोगकर्ताओं को सतर्क रहने की सलाह दी है। एजेंसी के मुताबिक, साइबर अपराधी अब मैलवेयर युक्त फाइलों के जरिए लोगों के डिवाइस और निजी जानकारी को निशाना बना रहे हैं।

जानकारी के अनुसार, ठग सीधे संदिग्ध फाइल भेजने के बजाय उसे ZIP फोल्डर में छिपाकर साझा कर रहे हैं। इस ZIP फाइल के भीतर अक्सर .exe या .dll एक्सटेंशन वाली फाइलें होती हैं, जो देखने में सामान्य दस्तावेज जैसी प्रतीत होती हैं। लोगों का भरोसा जीतने के लिए इन फाइलों को Invoice, Bill, View Details या Documents जैसे नाम दिए जाते हैं, जिससे यूजर बिना संदेह किए उन्हें खोल ले।

साइबर विशेषज्ञों का कहना है कि जैसे ही कोई व्यक्ति ऐसी फाइल को अपने कंप्यूटर या लैपटॉप पर डाउनलोड कर चलाता है, मैलवेयर सिस्टम में सक्रिय हो सकता है। इसके बाद अपराधी डिवाइस में मौजूद संवेदनशील डेटा तक पहुंच बनाने या WhatsApp Web से जुड़े सक्रिय सेशन का फायदा उठाने की कोशिश कर सकते हैं। इतना ही नहीं, यूजर के WhatsApp अकाउंट का इस्तेमाल कर उसके परिचितों और रिश्तेदारों को फर्जी संदेश भेजे जा सकते हैं और पैसों की मांग कर उन्हें भी ठगी का शिकार बनाया जा सकता है।

I4C ने लोगों से अपील की है कि किसी भी अनजान नंबर से प्राप्त .exe या .dll फाइल को डाउनलोड या इंस्टॉल करने से बचें। यदि WhatsApp पर कोई संदिग्ध ZIP फाइल मिले तो उसे तुरंत हटाएं, भेजने वाले नंबर को ब्लॉक करें और किसी भी संदिग्ध लिंक या अटैचमेंट पर क्लिक न करें।

यदि किसी को इस तरह की संदिग्ध गतिविधि का सामना करना पड़े या साइबर धोखाधड़ी का संदेह हो, तो इसकी सूचना तुरंत राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन 1930 पर दें या राष्ट्रीय साइबर अपराध पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराएं। समय रहते सतर्कता बरतना ही इस तरह के ऑनलाइन फ्रॉड से बचाव का सबसे प्रभावी तरीका माना जा रहा है।