UN Peacekeeping के लिए विदेश भेजे जाएंगे झारखंड पुलिस के DSP-SP, इन 5 देशों में मिलेगी ट्रेनिंग

UN Peacekeeping के लिए विदेश भेजे जाएंगे झारखंड पुलिस के DSP-SP, इन 5 देशों में मिलेगी ट्रेनिंग

By : स्वराज पोस्ट | Edited By: Urvashi
Updated at : Jul 18, 2026, 5:35:00 PM

झारखंड पुलिस के अधिकारियों के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रशिक्षण प्राप्त करने का महत्वपूर्ण अवसर सामने आया है। केंद्रीय गृह मंत्रालय ने संयुक्त राष्ट्र शांति अभियानों (UN Peacekeeping Operations) से जुड़े विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रमों के लिए राज्यों और केंद्रीय सुरक्षा बलों से योग्य पुलिस अधिकारियों के नामांकन आमंत्रित किए हैं। इन कार्यक्रमों में चयनित अधिकारियों को जर्मनी सहित पांच देशों में आधुनिक पुलिसिंग और शांति अभियानों से संबंधित प्रशिक्षण दिया जाएगा।

संयुक्त राष्ट्र में भारत के स्थायी मिशन से प्राप्त जानकारी के आधार पर गृह मंत्रालय ने सभी राज्यों के मुख्य सचिवों, पुलिस महानिदेशकों (DGP) और केंद्रीय अर्धसैनिक बलों के प्रमुखों को इस संबंध में पत्र भेजा है। वर्ष 2026 के दौरान आयोजित होने वाले इन अंतरराष्ट्रीय प्रशिक्षण कार्यक्रमों का उद्देश्य पुलिस अधिकारियों की पेशेवर दक्षता बढ़ाना और उन्हें संयुक्त राष्ट्र के शांति मिशनों के लिए बेहतर तरीके से तैयार करना है।

24 जुलाई तक भेजने होंगे नामांकन

इन प्रशिक्षण कार्यक्रमों के लिए वर्तमान में सेवा में कार्यरत डीएसपी (DSP) और एसपी (SP) रैंक के पुरुष एवं महिला अधिकारी आवेदन कर सकते हैं। गृह मंत्रालय ने नामांकन भेजने की अंतिम तिथि 24 जुलाई निर्धारित की है। तय समय के बाद प्राप्त किसी भी आवेदन पर विचार नहीं किया जाएगा। डिजिटल प्रक्रिया को बढ़ावा देते हुए मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि सभी दस्तावेज केवल ई-मेल के माध्यम से स्वीकार किए जाएंगे और किसी प्रकार की हार्ड कॉपी भेजने की आवश्यकता नहीं होगी।

इन देशों में होगा प्रशिक्षण

चयनित अधिकारियों को निम्नलिखित देशों में आयोजित विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रमों में भाग लेने का अवसर मिलेगा:

  • -जर्मनी
  • -स्वीडन
  • -नीदरलैंड
  • -बोस्निया
  • -हर्जेगोविना

  • चयन प्रक्रिया से जुड़े अहम नियम

इन कार्यक्रमों के लिए भारत के लिए कोई निश्चित सीट या आरक्षित कोटा निर्धारित नहीं किया गया है। अंतिम चयन संयुक्त राष्ट्र और संबंधित मेजबान देशों द्वारा तय मानकों के आधार पर किया जाएगा। इसलिए प्रतिस्पर्धा वैश्विक स्तर की होगी।

आवेदन के साथ सतर्कता (Vigilance) और कैडर स्वीकृति अनिवार्य रूप से संलग्न करनी होगी। इन दोनों स्वीकृतियों के बिना भेजे गए आवेदन स्वीकार नहीं किए जाएंगे।

इसके अलावा प्रत्येक राज्य या संगठन अधिकतम तीन अधिकारियों के नामांकन ही भेज सकता है। यदि इससे अधिक आवेदन भेजे जाते हैं तो केवल पहले तीन प्रस्तावों पर ही विचार किया जाएगा। वहीं, प्रत्येक अधिकारी को केवल एक प्रशिक्षण कार्यक्रम के लिए आवेदन करने की अनुमति होगी।

इन अंतरराष्ट्रीय प्रशिक्षण कार्यक्रमों को भारतीय पुलिस अधिकारियों के लिए वैश्विक अनुभव हासिल करने और संयुक्त राष्ट्र शांति अभियानों में प्रभावी भूमिका निभाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण अवसर माना जा रहा है।