रांची में तीन दिवसीय कृषि मेले का शुभारंभ, CM ने किसानों से की आधुनिक तकनीक अपनाने की अपील

रांची में तीन दिवसीय कृषि मेले का शुभारंभ, CM ने किसानों से की आधुनिक तकनीक अपनाने की अपील

By : स्वराज पोस्ट | Edited By: Urvashi
Updated at : Jun 16, 2026, 3:43:00 PM

राजधानी रांची के मोरहाबादी मैदान में मंगलवार से तीन दिवसीय झारखंड कृषि उत्पादन मेला-2026 की शुरुआत हो गई। कार्यक्रम का उद्घाटन मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने किया। इस अवसर पर उन्होंने कृषि क्षेत्र से जुड़े किसानों, उद्यमियों और विशेषज्ञों को बधाई देते हुए कहा कि राज्य सरकार खेती को अधिक उत्पादक, तकनीक आधारित और आर्थिक रूप से लाभकारी बनाने की दिशा में लगातार काम कर रही है।

उद्घाटन समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि देश की आर्थिक व्यवस्था में कृषि की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण है। उन्होंने जोर देकर कहा कि किसानों को बदलते समय के साथ नई तकनीकों और आधुनिक कृषि पद्धतियों को अपनाना चाहिए, ताकि उत्पादन बढ़े और खेती को बेहतर आय का स्रोत बनाया जा सके।

हेमंत सोरेन ने झारखंड में उपलब्ध प्राकृतिक संसाधनों का उल्लेख करते हुए कहा कि राज्य में जैविक खेती की अपार संभावनाएं मौजूद हैं। यदि इन संसाधनों का सही उपयोग किया जाए तो झारखंड देश में ऑर्गेनिक कृषि के प्रमुख केंद्रों में शामिल हो सकता है। उन्होंने जैविक उत्पादों के उत्पादन और उनके बाजार विस्तार पर भी विशेष ध्यान देने की आवश्यकता बताई।

मुख्यमंत्री ने कृषि को केवल पारंपरिक गतिविधि नहीं बल्कि एक उभरते हुए व्यवसाय के रूप में देखने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि राज्य और समाज की प्रगति के लिए सभी वर्गों को सामाजिक भेदभाव से ऊपर उठकर सामूहिक रूप से विकास की दिशा में काम करना होगा। उनके अनुसार, किसानों की आर्थिक मजबूती राज्य की समग्र प्रगति से सीधे जुड़ी हुई है।

मेले में कृषि, उद्यानिकी, पशुपालन और ग्रामीण स्वरोजगार से संबंधित कई प्रदर्शनी स्टॉल लगाए गए हैं, जहां किसानों को नवीन तकनीकों, आधुनिक उपकरणों और कृषि आधारित उद्यमों की जानकारी दी जा रही है। आयोजन के दौरान प्रतिभागियों को जैविक खेती, कृषि उत्पादों के मूल्य संवर्धन, विपणन और कृषि कारोबार से जुड़े नए अवसरों के बारे में भी अवगत कराया जाएगा।

राज्य सरकार का मानना है कि यह मेला किसानों को ज्ञान, तकनीक और बाजार से जोड़ने का प्रभावी मंच साबित होगा तथा कृषि क्षेत्र में नवाचार को बढ़ावा देने के साथ-साथ किसानों की आय बढ़ाने में भी मददगार सिद्ध होगा।