14वीं JPSC पर गरमाई सियासत, विधायक जयराम ने मुख्य परीक्षा रोकने की उठाई मांग

14वीं JPSC पर गरमाई सियासत, विधायक जयराम ने मुख्य परीक्षा रोकने की उठाई मांग

By : स्वराज पोस्ट | Edited By: Urvashi
Updated at : Jul 21, 2026, 1:25:00 PM

14वीं झारखंड लोक सेवा आयोग (JPSC) की प्रारंभिक परीक्षा के परिणाम को लेकर जारी विवाद अब राजभवन तक पहुंच गया है। डुमरी से विधायक और झारखंड लोकतांत्रिक क्रांतिकारी मोर्चा (JLKM) के नेता जयराम महतो ने मंगलवार को राज्यपाल संतोष गंगवार से मुलाकात कर परीक्षा प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं का मुद्दा उठाया। उन्होंने राज्यपाल से मुख्य परीक्षा पर तत्काल रोक लगाने और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की।

मुलाकात के दौरान जयराम महतो ने आरोप लगाया कि परीक्षा संचालन में शामिल निजी एजेंसी की विश्वसनीयता पहले से ही सवालों के घेरे में रही है। उनका कहना था कि जिस कंपनी का नाम उत्तर प्रदेश में विवादों के कारण ब्लैकलिस्ट होने के मामलों से जुड़ चुका है, उसे झारखंड की महत्वपूर्ण प्रतियोगी परीक्षा का जिम्मा सौंपना कई सवाल खड़े करता है। उन्होंने यह भी कहा कि राज्य में विभिन्न आयोगों की परीक्षाओं को लेकर लगातार विवाद सामने आ रहे हैं, जिससे युवाओं का भरोसा प्रभावित हो रहा है।

विधायक ने परीक्षा परिणाम जारी करने के तरीके पर भी आपत्ति जताई। उनके अनुसार, देर रात परिणाम प्रकाशित किए जाने से अभ्यर्थियों के बीच संदेह और असमंजस की स्थिति बनी। इसके अलावा उन्होंने परीक्षा प्रक्रिया से जुड़े अन्य कथित विसंगतियों की जानकारी भी राज्यपाल को दी और पूरे मामले में हस्तक्षेप की मांग की। जयराम महतो ने बताया कि राज्यपाल ने उनकी बात गंभीरता से सुनी और आवश्यक कार्रवाई पर विचार करने का आश्वासन दिया है।

जयराम महतो ने कहा कि उन्होंने इस विषय पर मुख्यमंत्री को भी अवगत कराया है और सरकार की ओर से भी मामले पर संज्ञान लेने की बात कही गई है। हालांकि उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि छात्रों के हित में शीघ्र निर्णय नहीं लिया गया, तो अगले दो दिनों के भीतर व्यापक आंदोलन शुरू किया जाएगा।

उन्होंने यह भी कहा कि प्रतियोगी छात्रों के अधिकारों की रक्षा के लिए जो भी राजनीतिक दल आवाज उठाएगा, JLKM उसका समर्थन करेगी। इसी क्रम में उन्होंने भारतीय जनता पार्टी द्वारा JPSC मुद्दे पर चलाए जा रहे आंदोलन को नैतिक समर्थन देने की घोषणा भी की।