JPSC में फर्जीवाड़े का शक! 2204 सफल अभ्यर्थियों से CID ने मांगी OMR कॉपी

JPSC में फर्जीवाड़े का शक! 2204 सफल अभ्यर्थियों से CID ने मांगी OMR कॉपी

झारखंड लोक सेवा आयोग (जेपीएससी) की संयुक्त असैनिक सेवा प्रारंभिक परीक्षा-2025 में कथित गड़बड़ियों की जांच अब अहम मोड़ पर पहुंच गई है। मामले की जांच कर रही अपराध अनुसंधान विभाग (CID) ने परीक्षा में सफल घोषित सभी 2204 अभ्यर्थियों की ओएमआर शीट का सत्यापन करने का निर्णय लिया है। इस प्रक्रिया के तहत अभ्यर्थियों के पास सुरक्षित कार्बन कॉपी की तुलना आयोग से जब्त मूल ओएमआर शीट से की जाएगी, ताकि किसी भी प्रकार की संभावित अनियमितता या बदलाव की पुष्टि की जा सके।

सीआईडी की ओर से जारी आधिकारिक सूचना में बताया गया है कि यह सत्यापन पूरी जांच का महत्वपूर्ण हिस्सा है। यदि किसी अभ्यर्थी की कार्बन कॉपी और आयोग के रिकॉर्ड में मौजूद मूल ओएमआर शीट के बीच अंतर पाया जाता है, तो संबंधित अभ्यर्थी से आगे विस्तृत पूछताछ की जाएगी। एजेंसी का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि परीक्षा प्रक्रिया में किसी तरह की छेड़छाड़ या फर्जीवाड़ा हुआ है या नहीं।

जांच को आगे बढ़ाने के लिए सीआईडी ने झारखंड संयुक्त असैनिक सेवा प्रतियोगिता परीक्षा-2025 (विज्ञापन संख्या-01/2026) में सफल सभी उम्मीदवारों से 30 जुलाई से 5 अगस्त के बीच पेपर-1 और पेपर-2 की ओएमआर शीट की कार्बन कॉपी उपलब्ध कराने की अपील की है। अभ्यर्थी अपनी कार्बन कॉपी की स्पष्ट फोटो या पीडीएफ तैयार कर व्हाट्सएप नंबर 9934309058 अथवा ईमेल complainjpsc-cid@jhpolice.gov.in पर भेज सकते हैं।

सीआईडी ने यह भी स्पष्ट किया है कि यदि किसी अभ्यर्थी के पास ओएमआर शीट की कार्बन कॉपी उपलब्ध नहीं है, तो उसे अपना रोल नंबर साझा करते हुए इसके उपलब्ध नहीं होने का कारण भी व्हाट्सएप या ईमेल के माध्यम से बताना होगा। एजेंसी का मानना है कि अभ्यर्थियों से प्राप्त दस्तावेजों और जेपीएससी कार्यालय से जब्त मूल रिकॉर्ड के तुलनात्मक परीक्षण से कथित परीक्षा अनियमितताओं की सच्चाई सामने लाने में महत्वपूर्ण सहायता मिलेगी।