रांची के चर्चित जमीन घोटाले में आरोपी और निलंबित उप राजस्व कर्मचारी भानु प्रताप प्रसाद को सुप्रीम कोर्ट से बड़ी राहत मिली है। शीर्ष अदालत ने शुक्रवार को उन्हें नियमित जमानत प्रदान कर दी। इससे पहले झारखंड हाईकोर्ट ने उनकी जमानत याचिका खारिज कर दी थी, जिसके बाद उन्होंने सुप्रीम कोर्ट में अपील दायर की थी।
सुप्रीम कोर्ट में इस मामले की सुनवाई न्यायमूर्ति दीपांकर दत्ता और न्यायमूर्ति प्रसन्ना वराले की खंडपीठ के समक्ष हुई। सुनवाई के बाद अदालत ने भानु प्रताप प्रसाद को जमानत देने का आदेश दिया।
भानु प्रताप प्रसाद का नाम रांची के बरियातू क्षेत्र में सेना के कब्जे वाली लगभग 4.55 एकड़ जमीन से जुड़े कथित घोटाले में सामने आया था। जांच एजेंसियों के अनुसार, इस जमीन से संबंधित अनियमितताओं में उनकी भूमिका की जांच की जा रही है। इसके अलावा बड़गाई अंचल में सामने आए एक अन्य जमीन घोटाले में भी उन्हें आरोपी बनाया गया है।
सुप्रीम कोर्ट से जमानत मिलने के बाद भानु प्रताप प्रसाद अब निर्धारित शर्तों के तहत रिहा हो सकेंगे। हालांकि इस मामले में जांच और न्यायिक प्रक्रिया अभी जारी रहेगी। अदालत की ओर से तय नियमों का पालन करते हुए उन्हें आगे की सुनवाई में उपस्थित होना होगा।