रांची : आगामी दीपावली और काली पूजा के पावन अवसर पर रांची जिले में कानून-व्यवस्था, सुरक्षा और शांतिपूर्ण माहौल बनाए रखने के लिए जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड पर आ गया है। त्योहारों को सुरक्षित और सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न कराने के उद्देश्य से जिला दण्डाधिकारी-सह-उपायुक्त मंजूनाथ भजन्त्री ने गुरुवार को खुद सड़कों पर उतरकर शहर के प्रमुख काली पूजा पंडालों और तैयारियों का विस्तृत जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उपायुक्त ने विभिन्न पूजा समितियों के प्रतिनिधियों से मुलाकात कर व्यवस्थाओं की समीक्षा की और आगंतुक श्रद्धालुओं की सुरक्षा व सुविधा को ध्यान में रखते हुए कई महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश दिए।
शहर के इन प्रमुख पंडालों का हुआ निरीक्षण
उपायुक्त मंजूनाथ भजन्त्री ने राजधानी के प्रमुख और व्यस्ततम इलाकों का दौरा किया। उन्होंने निम्नलिखित स्थानों पर बन रहे पूजा पंडालों का स्थल निरीक्षण किया। उपायुक्त ने अल्बर्ट एक्का चौक, कॉसमॉस क्लब, वर्द्धमान कंपाउंड, अग्रदूत क्लब, प्लाजा चौक, डोरंडा बाजार काली पूजा समिति, काली मंदिर डोरंडा, कुसई कॉलोनी काली पूजा समिति, छप्पन सेट एवं एजी कॉलोनी निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान पूजा समितियों द्वारा उपायुक्त और साथ चल रहे वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारियों को चुनरी ओढ़ाकर पारंपरिक रूप से सम्मानित किया गया।
सुरक्षा मानक : फायर सेफ्टी और इमरजेंसी एग्जिट अनिवार्य
पंडाल निर्माण में सुरक्षा मानकों से कोई समझौता न करने का निर्देश देते हुए उपायुक्त ने स्पष्ट किया कि जिला प्रशासन द्वारा जारी गाइडलाइंस का शत-प्रतिशत पालन अनिवार्य होगा।
इलेक्ट्रिकल सेफ्टी - बिजली के अस्थायी कनेक्शन और वायरिंग को पूरी तरह सुरक्षित रखने का निर्देश दिया गया है ताकि शॉर्ट सर्किट की गुंजाइश न रहे।
अग्निशमन व्यवस्था - प्रत्येक पंडाल में पर्याप्त संख्या में अग्निशमन यंत्र और आपातकालीन निकास की व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा गया है।
भीड़ प्रबंधन - श्रद्धालुओं के सुगम आवागमन के लिए प्रवेश और निकास के पृथक-पृथक मार्ग बनाए जाएंगे।
नागरिक सुविधाएं - पंडाल परिसरों में पर्याप्त लाइट, साफ-सफाई, और पीने के पानी के पुख्ता इंतजाम करने के आदेश दिए गए हैं।
प्रतिमा विसर्जन और यातायात प्रबंधन पर विशेष फोकस
पूजा के दौरान और विसर्जन जुलूस को लेकर जिला प्रशासन ने यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने की रूपरेखा तैयार की है।
समन्वय व रूट प्लान - प्रतिमा विसर्जन के दौरान आयोजकों को स्थानीय पुलिस स्टेशन व जिला प्रशासन के साथ समन्वय बनाकर निर्धारित रूट और समय सीमा का पालन करना होगा।
ध्वनि प्रदूषण व आपत्तिजनक गीतों पर रोक - डीजे और साउंड सिस्टम का उपयोग तय मानकों के अनुसार ही होगा। प्रशासन ने चेतावनी दी है कि किसी भी प्रकार के भड़काऊ, आपत्तिजनक या सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने वाले गीतों या नारों पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा।
वॉलंटियर्स की तैनाती - पूजा समितियों को पर्याप्त संख्या में अपने स्वयंसेवक तैनात करने का निर्देश दिया गया है जो पुलिस व प्रशासन के साथ भीड़ नियंत्रण में सहयोग करेंगे।
पटाखों और आतिशबाजी को लेकर आम नागरिकों से अपील
जिला प्रशासन ने रांची के आम नागरिकों से भी दीपावली का त्योहार सुरक्षित और पर्यावरण-अनुकूल तरीके से मनाने की अपील की है। आतिशबाजी केवल खुले और सुरक्षित स्थानों पर ही करें। बच्चों को पटाखे जलाते समय अकेले न छोड़ें; बड़ों की मौजूदगी अनिवार्य हो। पेट्रोल पंपों, घनी आबादी वाले क्षेत्रों, बिजली के तारों और ज्वलनशील पदार्थों के समीप आतिशबाजी करने से बचें।
उपायुक्त का संदेश
दीपावली और काली पूजा आपसी प्रेम, रोशनी और सौहार्द का प्रतीक है। सभी नागरिक और पूजा समितियां शांतिपूर्ण वातावरण में त्योहार मनाएं और सुरक्षा संधारण में प्रशासन का सहयोग करें।
निरीक्षण के दौरान मौजूद रहे वरिष्ठ अधिकारी
इस उच्चस्तरीय निरीक्षण अभियान में उपायुक्त के साथ जिले के कई प्रशासनिक अधिकारी और गणमान्य लोग मौजूद रहे। जिसमें अनुमंडल अधिकारी (सदर) कुमार रजत, प्रशिक्षु आईएएस आस्था शरण, अपर जिला दंडाधिकारी (विधि-व्यवस्था) धनंजय, उपसमाहर्त्ता नजारत सुदेश कुमार, रांची नगर निगम के संबंधित अधिकारी, समाजसेवी आलोक दुबे, शांति समिति के सदस्य जयसिंह यादव एवं सागर कुमार सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति।
रांची जिला प्रशासन हेल्पलाइन
नागरिक किसी भी प्रकार की जन-शिकायत या आपातकालीन सूचना के लिए रांची जिला प्रशासन के आधिकारिक व्हाट्सएप नंबर 'अबुआ साथी' – 9430328080 पर संपर्क कर सकते हैं।
रांची से सुजीत कुमार की रिपोर्ट