चाईबासा ट्रेजरी घोटाला मामले में आरोपियों को हाईकोर्ट से झटका

चाईबासा ट्रेजरी घोटाला मामले में आरोपियों को हाईकोर्ट से झटका

By : स्वराज पोस्ट | Edited By: Urvashi
Updated at : Jun 18, 2026, 3:21:00 PM

चाईबासा ट्रेजरी से सरकारी धन के कथित गबन से जुड़े मामले में गिरफ्तार तीन आरोपियों को अदालत से राहत नहीं मिली है। रांची सिविल कोर्ट परिसर स्थित सीआईडी की विशेष अदालत ने आरोपी देव नारायण मुर्मू, अरुण कुमार मार्डी और सरकार हेमरोम की जमानत याचिकाओं को खारिज कर दिया। इसके साथ ही तीनों को फिलहाल न्यायिक हिरासत में ही रहना होगा।

मामले के मुख्य आरोपी देव नारायण मुर्मू पुलिस विभाग के लेखा अनुभाग में सिपाही के पद पर कार्यरत था। वहीं, सह-आरोपी अरुण कुमार मार्डी उसका जीजा और सरकार हेमरोम उसका साला बताया गया है। जांच एजेंसी के अनुसार, तीनों पर सरकारी खजाने से अवैध रूप से धनराशि विभिन्न बैंक खातों में स्थानांतरित कराने का आरोप है।

सीआईडी की जांच में सामने आया है कि पिछले लगभग नौ वर्षों के दौरान पुलिस विभाग की ट्रेजरी से कुल 26.21 लाख रुपये पांच अलग-अलग खातों में भेजे गए। जांच एजेंसी का कहना है कि यह रकम पुलिसकर्मियों के लंबित वेतन, पेंशन तथा अन्य वित्तीय मदों से संबंधित थी, जिसे कथित तौर पर अनियमित तरीके से निकाल लिया गया।

जांच के अनुसार, देव नारायण मुर्मू वर्ष 2017 से 2025 तक पुलिस विभाग के लेखा शाखा में तैनात रहा। उसकी नियुक्ति वर्ष 2009 में पुलिस बल में हुई थी। वेतन भुगतान से जुड़ी अनियमितताओं का मामला उजागर होने के बाद सीआईडी ने उसे गिरफ्तार किया और पूरे प्रकरण की जांच शुरू की।

इस मामले में सीआईडी ने कांड संख्या 7/2026 दर्ज कर विस्तृत जांच शुरू की है। एजेंसी वित्तीय लेनदेन, संबंधित खातों और कथित धन हस्तांतरण की पूरी श्रृंखला की पड़ताल कर रही है।