750 करोड़ के शराब घोटाले के किंगपिन भूपेंद्र भाटिया को हाईकोर्ट से झटका, अग्रिम जमानत अर्जी खारिज

750 करोड़ के शराब घोटाले के किंगपिन भूपेंद्र भाटिया को हाईकोर्ट से झटका, अग्रिम जमानत अर्जी खारिज

By : स्वराज पोस्ट | Edited By: Urvashi
Updated at : Mar 10, 2026, 3:40:00 PM

झारखंड में सामने आए बहुचर्चित शराब घोटाले के मामले में मुख्य आरोपी और भाटिया वाइंस एंड कंपनी के संचालक भूपेंद्र सिंह भाटिया को झारखंड हाईकोर्ट से बड़ी राहत नहीं मिली है। न्यायमूर्ति संजय कुमार द्विवेदी की अदालत ने उनकी अग्रिम जमानत की मांग को खारिज कर दिया। अदालत के इस फैसले के बाद भाटिया की मुश्किलें और बढ़ गई हैं।

इस प्रकरण में इससे पहले भी भाटिया को अदालत से राहत नहीं मिल सकी थी। पिछले साल सितंबर में भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) की विशेष अदालत ने भी उनकी अग्रिम जमानत याचिका को नामंजूर कर दिया था। इसके बावजूद भाटिया अब तक गिरफ्तारी से बचते हुए फरार बताया जा रहा है।

जांच एजेंसियों के अनुसार इस घोटाले का दायरा समय के साथ काफी बढ़ता गया। शुरुआती जांच में इसकी अनुमानित राशि लगभग 38 करोड़ रुपये बताई गई थी, लेकिन आगे की पड़ताल में यह आंकड़ा बढ़कर करीब 750 करोड़ रुपये तक पहुंच गया। आरोप है कि भाटिया वाइंस एंड कंपनी ने बिना वैध अनुबंध के शराब की बिक्री की व्यवस्था की और वितरण व प्लेसमेंट की प्रक्रिया में बड़े स्तर पर अनियमितताएं बरतीं। इससे राज्य सरकार को भारी राजस्व हानि हुई।

इस मामले में कई अन्य लोगों को भी आरोपी बनाया गया है, जिनमें विनय कुमार चौबे का नाम भी शामिल है। जांच एजेंसियां इस पूरे नेटवर्क की भूमिका की पड़ताल कर रही हैं।

इसी साल जनवरी के अंतिम सप्ताह में एसीबी की एक टीम भूपेंद्र सिंह भाटिया को पकड़ने के लिए छत्तीसगढ़ पहुंची थी, लेकिन कार्रवाई से पहले ही वह वहां से फरार हो गया। आरोप लगाया गया कि पुलिस की लापरवाही के कारण आरोपी को भागने का मौका मिल गया और टीम को बिना गिरफ्तारी के लौटना पड़ा।

घोटाले से जुड़े एक अन्य प्रमुख आरोपी नवीन केडिया की गिरफ्तारी के लिए भी प्रयास किए गए थे। उसे दोबारा हिरासत में लेने का निर्देश था, लेकिन वह भी पुलिस को चकमा देकर भाग निकला। इस घटना के बाद एसीबी की प्रमुख एडीजी प्रिया दुबे ने सख्त कदम उठाते हुए इस ऑपरेशन में शामिल पूरी टीम को निलंबित कर दिया था। फिलहाल मामले की जांच जारी है और फरार आरोपियों की तलाश की जा रही है।