14वीं JPSC अभ्यर्थियों को मिल सकती है राहत, उम्र सीमा में छूट पर सरकार कर रही मंथन

14वीं JPSC अभ्यर्थियों को मिल सकती है राहत, उम्र सीमा में छूट पर सरकार कर रही मंथन

By : स्वराज पोस्ट | Edited By: Urvashi
Updated at : Feb 03, 2026, 4:10:00 PM

उम्र सीमा में छूट की मांग को लेकर आंदोलन कर रहे छात्रों के लिए राहत भरी खबर सामने आ सकती है। 14वीं झारखंड लोक सेवा आयोग (जेपीएससी) परीक्षा में आयु-सीमा को लेकर उठे विवाद पर राज्य सरकार गंभीरता से विचार कर रही है। कार्मिक, प्रशासनिक सुधार एवं राजभाषा विभाग ने इस संबंध में प्रस्ताव तैयार कर मुख्य सचिव के माध्यम से मुख्यमंत्री को भेज दिया है।

आधिकारिक सूत्रों के मुताबिक, पांच फरवरी को प्रस्तावित राज्य मंत्रिपरिषद की बैठक में इस मुद्दे पर अंतिम निर्णय लिया जा सकता है। यदि कैबिनेट से मंजूरी मिलती है, तो आवेदन की अंतिम तिथि से पहले अभ्यर्थियों को आयु-सीमा में छूट देकर परीक्षा में शामिल होने का अवसर मिल जाएगा। उल्लेखनीय है कि 14वीं जेपीएससी परीक्षा के लिए जारी विज्ञापन में आवेदन जमा करने की अंतिम तिथि 14 फरवरी निर्धारित है।

अभ्यर्थियों का कहना है कि वर्तमान विज्ञापन में अगस्त 2026 को कट-ऑफ डेट मानते हुए किसी भी प्रकार की आयु-सीमा में छूट नहीं दी गई है। इसके कारण करीब डेढ़ लाख उम्मीदवार इस बार 103 पदों के लिए आयोजित होने वाली 14वीं जेपीएससी परीक्षा से बाहर हो जाएंगे। आंदोलनरत छात्रों का तर्क है कि लंबे अंतराल के बाद परीक्षाएं होने के लिए वे जिम्मेदार नहीं हैं, फिर भी इसका खामियाजा उन्हें भुगतना पड़ रहा है।

छात्रों ने पूर्व की परीक्षाओं का हवाला देते हुए बताया कि 7वीं से 10वीं जेपीएससी परीक्षाओं में कट-ऑफ डेट अगस्त 2016 रखी गई थी, जबकि 11वीं से 13वीं जेपीएससी के लिए अगस्त 2017 को आधार बनाया गया था। इसी क्रम में वे मांग कर रहे हैं कि इस बार भी कट-ऑफ डेट अगस्त 2018 निर्धारित की जाए, ताकि वर्षों से तैयारी कर रहे अभ्यर्थियों को न्याय मिल सके।

इधर, केवल जेपीएससी ही नहीं बल्कि कक्षपाल पद के उम्मीदवार भी आयु-सीमा में छूट की मांग को लेकर आवाज उठा रहे हैं। उनका कहना है कि झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (जेएसएससी) लगभग दस वर्षों के लंबे अंतराल के बाद परीक्षा आयोजित कर रहा है, ऐसे में अभ्यर्थियों को आयु-सीमा में विशेष राहत दी जानी चाहिए। अब सभी की निगाहें आगामी कैबिनेट बैठक पर टिकी हैं, जहां से इन मांगों पर अंतिम फैसला आने की उम्मीद है।