मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान-2026 के तहत पलामू में मतदाता सूची का प्रारंभिक प्रकाशन कर दिया गया है। इस अवसर पर जिला निर्वाचन पदाधिकारी सह उपायुक्त दिलीप प्रताप सिंह शेखावत ने बुधवार को अपने कार्यालय में विभिन्न राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक कर निर्वाचन आयोग की कार्ययोजना साझा की और अभियान को सफल बनाने के लिए सभी से सक्रिय भागीदारी की अपील की।
बैठक के दौरान उपायुक्त ने बताया कि जिले के सभी पांच विधानसभा क्षेत्रों के 2,032 मतदान केंद्रों पर प्रारूप मतदाता सूची उपलब्ध करा दी गई है। नवीनतम आंकड़ों के अनुसार जिले में कुल 14,99,296 मतदाता पंजीकृत हैं। इनमें 7,78,456 पुरुष, 7,20,839 महिलाएं और एक थर्ड जेंडर मतदाता शामिल हैं। इसके अतिरिक्त 2,65,651 ASDDF श्रेणी तथा 3,46,596 Anomalies Electors की पहचान की गई है, जिन्हें निर्धारित प्रक्रिया के तहत नोटिस जारी कर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
निर्वाचन आयोग की अधिसूचना के अनुसार 5 अगस्त से 4 सितंबर 2026 तक मतदाता सूची में नाम जोड़ने, हटाने, संशोधन या अन्य त्रुटियों के सुधार के लिए दावा और आपत्ति दर्ज कराने का अवसर मिलेगा। जिन पात्र नागरिकों का नाम सूची में शामिल नहीं है, वे निर्धारित आवेदन प्रपत्र के माध्यम से अपना दावा प्रस्तुत कर सकते हैं। इसी अवधि में नाम, पता या अन्य विवरण में सुधार के लिए भी आवेदन स्वीकार किए जाएंगे।
मतदाताओं की सुविधा के लिए प्रत्येक मतदान केंद्र पर बूथ लेवल अधिकारी (BLO) उपलब्ध रहेंगे। इसके अलावा पंचायत भवन, नगर निकाय कार्यालय, निर्वाचक निबंधन पदाधिकारी कार्यालय तथा मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी, झारखंड की वेबसाइट पर भी प्रारूप मतदाता सूची का अवलोकन किया जा सकेगा।
विशेष पुनरीक्षण कार्यक्रम के तहत 8-9 अगस्त और 22-23 अगस्त को विशेष दावा एवं आपत्ति शिविर आयोजित किए जाएंगे। वहीं 15 अगस्त को ग्राम सभाओं के माध्यम से मतदाता जागरूकता अभियान चलाया जाएगा। इसके बाद 25 अगस्त से 4 सितंबर तक घर-घर जाकर मतदाता सत्यापन (होम-टू-रोल वेरिफिकेशन) का अभियान संचालित होगा। सभी प्रक्रियाओं के पूर्ण होने के बाद अंतिम मतदाता सूची 7 अक्टूबर 2026 को प्रकाशित की जाएगी।
उपायुक्त दिलीप प्रताप सिंह शेखावत ने राजनीतिक दलों से अपील की कि वे अधिक से अधिक पात्र नागरिकों को मतदाता सूची में नाम दर्ज कराने और समयसीमा के भीतर दावा एवं आपत्ति दाखिल करने के लिए प्रेरित करें। उन्होंने कहा कि मतदाता सूची की शुद्धता और व्यापकता लोकतांत्रिक व्यवस्था की मजबूती का आधार है, इसलिए सभी संबंधित पक्षों का सहयोग अत्यंत महत्वपूर्ण है। बैठक में विभिन्न राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों ने भी भाग लिया।
पलामू से विकाश कश्यप की रिपोर्ट