कोडरमा में हाथियों का कहर जारी, कटैया गांव में जमकर मचाया उत्पात

कोडरमा में हाथियों का कहर जारी, कटैया गांव में जमकर मचाया उत्पात

By : स्वराज पोस्ट | Edited By: Urvashi
Updated at : May 01, 2026, 1:59:00 PM

झारखंड के कोडरमा जिले में जंगली हाथियों की बढ़ती गतिविधियां लोगों के लिए गंभीर चिंता का विषय बनती जा रही हैं। सतगावां थाना क्षेत्र के कटैया गांव में गुरुवार की रात एक बार फिर हाथियों के झुंड ने घुसकर भारी तबाही मचाई, जिससे ग्रामीणों में भय और आक्रोश दोनों देखने को मिला।

रात के अंधेरे में गांव में दाखिल हुए हाथियों ने कई घरों और ढांचों को निशाना बनाया। सर्जन प्रसाद यादव का कच्चा मकान पूरी तरह से धराशायी हो गया, वहीं उनके घर के पास बंधा भैंस का बच्चा भी हाथियों की चपेट में आकर मारा गया। इसी तरह द्वारिक यादव के पशु शेड को भी नुकसान पहुंचा, जहां मलबे में दबकर एक बकरी के बच्चे की मौत हो गई। हाथियों ने पंचायत भवन के मुख्य द्वार को भी क्षतिग्रस्त कर दिया, जिससे सरकारी संपत्ति को भी नुकसान हुआ है।

लगातार हो रही घटनाओं से नाराज ग्रामीणों का गुस्सा शुक्रवार सुबह फूट पड़ा। उन्होंने कटैया मोड़ पर सड़क जाम कर प्रशासन के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया और लापरवाही का आरोप लगाया। ग्रामीणों का कहना है कि करीब पंद्रह दिन पहले इसी इलाके में हाथियों के हमले में एक युवक की जान चली गई थी, लेकिन उसके बाद भी कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया।

स्थिति की जानकारी मिलते ही सतगावां थाना प्रभारी सौरभ कुमार शर्मा पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने लोगों को समझाकर करीब दो घंटे बाद जाम हटवाया। हालांकि, ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि हाथियों के खतरे से निपटने के लिए प्रभावी उपाय नहीं किए गए, तो वे और उग्र आंदोलन करने को बाध्य होंगे।

यह समस्या केवल एक गांव तक सीमित नहीं है। कोडरमा जिले के अन्य हिस्सों जैसे डोमचांच और मरकच्चो में भी हाल के महीनों में हाथियों द्वारा फसलों और संपत्ति को नुकसान पहुंचाने की कई घटनाएं सामने आई हैं। जानकारों का मानना है कि जंगलों में संसाधनों की कमी और बढ़ते मानवीय हस्तक्षेप के कारण हाथी अब आबादी वाले क्षेत्रों की ओर रुख कर रहे हैं। यदि समय रहते वन विभाग और प्रशासन ने दीर्घकालिक रणनीति नहीं अपनाई, तो इंसान और वन्यजीवों के बीच यह टकराव और गंभीर रूप ले सकता है।